LPG Shortage को लेकर मचे हाहाकार के बीच सिस्टम फेल! बुकिंग ना होने पर गैस एजेंसियों पर अफरा-तफरी; कब तक राहत मिलने की उम्मीद?

LPG Shortage के बीच देश के कई हिस्सों में बुकिंग सिस्टम फेल होने की खबर आ रही है। इसको लेकर गैस एजेंसियों पर कतार में लगे लोगों के बीच अफरा-तफरी देखने को मिली है।

LPG Shortage

Picture Credit: गूगल (सांकेतिक तस्वीर)

LPG Shortage: सरकार फ्रंटफुट पर है और हरसंभव एलपीजी सिलेंजर की किल्लत दूर करने की कोशिश जारी है। हालांकि, धरातल पर इसका अलग असर नजर आ रहा है। देश के ज्यादातर हिस्सों में गैस एजेंसियों पर लंबी कतारे लगी हैं। खबर लिखे जाने तक बुकिंग सिस्टम भी प्रभावित होने की खबर है।

उपभोक्ता जिस टोल फ्री नंबर से गैस की बुकिंग करते थे, उस पर डॉयल करते ही फोन कट रहा है। एलपीजी शॉर्टेज के इस दौर में बुकिंग सिस्टम प्रभावित होने से गैस एजेंसियों पर और अफरा-तफरी मच गई है। शासन स्तर से लगातार स्थिति नियंत्रित करने की कोशिश जारी है। ऐसे में बड़ा सवाल है कि कब तक लोगों को राहत मिल सकती है?

बुकिंग ना होने पर LPG Shortage के बीच मची अफरा-तफरी!

शासन स्तर से व्यवस्था दुरुस्त होने और गैस आपूर्ति सामान्य चलने की बात कही जा रही है। हालांकि, धरातल पर स्थिति इन दावों से उलट है। इंडेन गैस के बुकिंग नंबर 845495555 की बात करें, या एचपी बुकिंग नंबर 9493602222 की, दोनों पर रजिस्टर्ड नंबर से संपर्क साधना मुश्किल है। एलपीजी शॉर्टेज के इस दौर में बुकिंग सिस्टम प्रभावित नजर आ रहा है।

इसका असर ये है कि गैस एजेंसियों पर अफरा-तफरी मची है। ग्रामीण इलाकों से लेकर शहरों तक में लोग एलपीजी सिलेंडर लिए आपूर्ति के लिए परेशान नजर आ रहे हैं। कहीं लंबी कतारें लगी हैं, तो कहीं लोग सुबह से बिना कुछ खाए-पीए गैस सिलेंडर की आस लगाए बैठे हैं। हालिया स्थिति दर्शाती है कि कैसे मिडिल ईस्ट में छिड़े संघर्ष का असर भारत में भी पड़ रहा है।

अफरा-तफरी के बीच कब तक राहत मिलने की उम्मीद?

इस सवाल का जवाब भविष्य के गर्भ में है। दरअसल, ईरान पर इजरायल और अमेरिका के संयुक्त हमले के बाद दुनिया में हाहाकार मची है। ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को अस्थायी तौर पर बंद किया है जहां से दुनिया के विभिन्न हिस्सों में कच्चे तेल और ऊर्जा के अन्य स्रोत का आयात होता है। स्थिति दिन प्रतिदिन नाजुक होती जा रही है।

अली खामेनेई की मौत के बाद नए ईरानी सुप्रीम लीडर बने मोजतबा खामेनेई लगातार सख्त हैं। अमेरिकी एयरबेस और ऑयल रिजर्व पर हमलों का दौर जारी है। ऐसे में ये बता पाना कि कब तक लोगों को एलपीजी किल्लत से राहत मिलेगी थोड़ी जल्दबाजी होगी। हालांकि, भारत सरकार लगातार एक्शन मोड में है और एलपीजी का उत्पादन बढ़ाकर आम लोगों तक इसकी पहुंच लगातार सुनिश्चित की जा रही है।

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