Pallavi Dharamshala Ragging Case: भविष्य बनाने पहुंची और मिली मौत! हिमाचल के इस कॉलेज में रैगिंग बनी काल, छात्रा के दम तोड़ने से मचा हड़कंप

Pallavi Dharamshala Ragging Case

Picture Credit: गूगल

Pallavi Dharamshala Ragging Case: शिक्षण संस्थानों का रुख बच्चे अपने उज्जवल भविष्य का निर्माण करने के लिए ही करते हैं। हालांकि, कभी-कभी ऐसी घटनाएं हो जाती हैं जो छात्रों के लिए काल बन जाती हैं। कुछ ऐसा ही वाकया हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला में स्थित धर्मशाला गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज से सामने आया है। आरोप के मुताबिक वर्षीय पल्लवी के लिए कॉलेज में किया गया रैगिंग काल बन गया और वो इलाज के दौरान जिंदगी को अलविदा बोल गई। मृतिका पल्लवी के परिजनों ने इस धर्मशाला रैगिंग प्रकरण में शिकायत दर्ज कराते हुए कॉलेज प्रोफेसर अशोक कुमार और तीन छात्राएं हरशिता, आकृति और कोमोलिका के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। पल्लवी के दम तोड़ने से हड़कंप मच गया है और रैगिंग कल्चर पर सवाल उठ रहे हैं।

हिमाचल के धर्मशाला गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज में छात्रा के लिए काल बना रैगिंग

आरोप के मुताबिक 19 वर्षीय पल्लवी के साथ धर्मशाला गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज में मारपीट की गई। पुलिस को दी गई शिकायत में कॉलेज प्रोफेसर अशोक कुमार और छात्रा हरशिता, आकृति और कोमोलिका का नाम दर्ज है। आरोपियों पर रैगिंग, यौन उत्पीड़न और मौत से जुड़े गंभीर आरोपों में मामला दर्ज किया गया है। मृतिका पल्लवी के परिजनों का आरोप है कि उसे कॉलेज में रैगिंग और मारपीट का शिकार बनाया गया, जिससे वह मानसिक रूप से पूरी तरह टूट गई थी। पल्लवी के पिता ने अपनी बेटी को इलाज के लिए लुधियाना के दयानंद मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान 26 दिसंबर 2025 को उसने दम तोड़ दिया। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर हड़कंप मचा है और चर्चाओं का दौर जारी है।

गहनता से मामले की जांच में जुटी पुलिस

इस पूरे घटनाक्रम की गंभीरता को देखते हुए पुलिस गहनता से जांच में जुटी है। खबरों के मुताबिक एक प्रोफेशर और तीन छात्राओं पर नामजद प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी है। इस मामले में पुलिस रैगिंग, शारीरिक हमला, डराने-धमकाने और यौन दुराचार के आरोपों की जांच करने के साथ छात्रा की बिगड़ती तबीयत और मौत से संबंध की जांच भी करेगी। इसके तहत मृतिका पल्लवी के सहपाठियों, शिक्षकों, कॉलेज प्रशासन और परिवार के सदस्यों का बयान दर्ज किया जाएगा। साथ ही जिन अस्पतालों में उसका इलाज हुआ, वहां के मेडिकल रिकॉर्ड भी लिए जाएंगे। पुलिस पूरी गहनता के साथ कथित रूप से इस रैगिंग केस की हर पहलुओं को देखते हुए कार्रवाई को रफ्तार देगी।

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