Vitamin D या B12 कौन है शरीर के लिए असली टॉक्सिक, एक्सपर्ट ने मिथ को लेकर बता दी सच्चाई

Vitamin D: ऐसे में बिना सलाह के कोई भी सप्लीमेंट्स लेने से पहले आपको डॉक्टर से सलाह लेनी जरूरी है। अगर आप डॉक्टर से सलाह के बिना सप्लीमेंट्स लेते हैं तो जानें कहां आपको खतरा है और कहां डरने की कोई जरूरत नहीं है। जानिए कौन सा विटामिन आपके लिए ज्यादा नुकसानदायक है।

Vitamin D

Photo Credit- Google Vitamin D

Vitamin D: यह सच है कि शरीर में पोषक तत्वों की आवश्यकता होती है लेकिन कभी-कभी कुछ पोषक तत्व अगर आपके अंदर ज्यादा चली जाए तो यह आपके लिए खतरे की घंटी भी बन सकती है। यह हम नहीं बल्कि डॉक्टर प्रियंका सेहरावत ने बताया है जहां उन्होंने साफ तौर पर लोगों को यह संदेश दिया है कि कैसे विटामिन B12 और विटामिन डी की मात्रा का ध्यान रखना आपके लिए जरूरी है। हालांकि इस दौरान डॉक्टर ने साफ तौर पर यह बताया है कि विटामिन B12 अगर ज्यादा हो जाए तो उसका उपाय संभव है लेकिन विटामिन डी आपके लिए टॉक्सिक है। जानिए इसके पीछे क्या है लॉजिक।

क्या है विटामिन D और विटामिन B12 में अंतर

डॉक्टर प्रियंका के मुताबिक विटामिन B12 आपके लिए टॉक्सिक नहीं हो सकता है अगर इसकी ज्यादा मात्रा भी हो जाती है क्योंकि यह वॉटर सॉल्युबल विटामिन होता है। अगर आपका विटामिन डी हाई लेवल पर जा रहा यानी 100 ng/ml से होने पर यह आपके लिए नुकसानदायक हो सकता है। इसकी वजह से डायरिया पेट में गड़बड़ी जैसी समस्याएं हो सकती है।

विटामिन B12 बढ़ने पर क्या करें

एक्सपर्ट बताती है कि अगर आप विटामिन B12 ज्यादा लेते हैं और वह लिमिट से ज्यादा बढ़ जाता है तो इसके लिए परेशान होने की जरूरत नहीं है। ऐसी स्थिति में सिर्फ आप सप्लीमेंट्स लेना बंद कर दें क्योंकि यह किडनी से अपने आप बाहर निकल जाएगा लेकिन अगर आपका विटामिन डी की मात्रा ज्यादा हो जाती है तो आपके मसल्स, टिशू में स्टोर हो जाता है।

Vitamin D का बढ़ना क्यों है खतरनाक

एक्सपर्ट की माने विटामिन B12 शरीर से आसानी से बाहर निकल जाता है लेकिन विटामिन डी की मात्रा ज्यादा होना आपके लिए बड़ी समस्या की वजह बन सकती है क्योंकि इससे कैल्शियम का स्तर खतरनाक रूप से बढ़ सकता है। यह आपकी किडनी से लेकर हड्डियों को नुकसान पहुंचा सकता है।

Disclaimer: यह लेख और इसमें दी गई चिकित्सीय परामर्श केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से किसी योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इस लेख में बताए गए तरीकों और दावों को केवल सुझाव माना जाना चाहिए; डीएनपी इंडिया हिंदी न तो इनकी पुष्टि करता है और न ही खंडन करता है। ऐसे किसी भी सुझाव/उपचार/दवा/आहार का पालन करने से पहले हमेशा डॉक्टर से सलाह लें।

 

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