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Asim Munir के इशारों पर नाचती है पाकिस्तानी हुकूमत? ख्वाजा आसिफ के बदले सुर PM शहबाज को करेंगे बेचैन, कराची से लाहौर तक हलचल

Asim Munir

Picture Credit: गूगल (सांकेतिक तस्वीर)

Asim Munir: पाकिस्तानी हुकूमत की कार्यशैली जगजाहिर है। कैसे सेना चुनी हुई सरकार के काम में हस्तक्षेप कर अपना शासन चलाती है ये किसी से नहीं छिपा। हालांकि, सरकार सार्वजनिक मंच पर इस सच्चाई को झुठलाते हुए फजीहत से बचना चाहती है। इसी बीच पाकिस्तानी रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने आसिम मुनीर को लेकर ऐसा बयान दिया है जो कराची से लाहौर तक हलचल का विषय बना है।

ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि आसिम मुनीर उनके बॉस नहीं हैं। ये दर्शाता है कि पाकिस्तान सरकार सेना के हस्तक्षेप को कैसे छिपाने की कोशिश कर रही है। रक्षा मंत्री का ये दावा पीएम शहबाज शरीफ तक की बेचैनी बढ़ा सकता है जो आसिम मुनीर के इशारों पर लगभग नाचते नजर आते हैं।

ख्वाजा आसिफ के बदले सुर PM शहबाज को करेंगे बेचैन!

अक्सर अपने बयानों को लेकर सुर्खियों में रहने वाले ख्वाजा आसिफ ने एक बार फिर पाकिस्तान की पोल खोल दी है। फ्रांस 24 इंग्लिश को दिए एक साक्षात्कार के दौरान ख्वाजा आसिफ ने कहा कि आसिम मुनीर उनके बॉस नहीं है, पीएम शहबाज शरीफ उनके बॉस हैं। इसके बाद हो-हल्ला का दौर शुरू है। जिस आसिम मुनीर को दुनिया प्रेसिडेंट ट्रंप के साथ पाकिस्तान का प्रतिनिधित्व करते हुए लंच पर देख चुकी है।

जो आसिम मुनीर पीएम शहबाज को छोड़ खुद अकेले वाशिंगटन निकल जाते हैं और कई मोर्चों पर अपने फैसले लेते हैं। वैसे मुनीर को ख्वाजा आसिफ द्वारा बॉस के रूप में इंकार करना पीएम शहबाज शरीफ की बेचैनी भी बढ़ा सकता है। पीएम शहबाज खुद कभी मुखर तौर पर आसिम मुनीर से कुछ नहीं कह पाए हैं। यही वजह है कि ख्वाजा आसिफ की टिप्पणी इस्लामाबाद से कराची, लाहौर, रावलपिंडी तक सनसनी मचा रही है।

सीडीएफ Asim Munir के इशारों पर नाचती है पाकिस्तानी हुकूमत?

ये कोई आश्चर्य का विषय नहीं है। पाकिस्तान में सेना का सरकार के काम में हस्तक्षेप का पुराना इतिहास रहा है। पाकिस्तानी हुकूमत शुरू से सेना के इशारों पर नाचती रही है। जनरल अयूब खान, जिया-उल-हक, परवेज मुशर्रफ, याह्या खान जैसे सेना प्रमुखों ने ऐसा कर खुद को इतिहास में अमर कर लिया है। आसिम मुनीर का नाम भी अप्रत्यक्ष रूप से इस फेहरिस्त में शामिल है।

आसिम मुनीर भले ही पाकिस्तान के शासक नहीं हैं, लेकिन बगैर उनकी इच्छा के पाकिस्तान में एक पत्ता तक नहीं हिल सकता। दुनिया देख चुकी है कि कैसे मुनीर ने अपने पीएम को छोड़ वाशिंगटन का दौरा किया था। इससे इतर भी कई मौकों पर पाकिस्तानी सेना प्रमुख हुकूमत को उनकी सही औकात बताते रहते हैं।

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