Delhi News: दिल्ली में बीते दिन एक ऐसा हादसा हुआ, जिसने राजधानी को झकझोर के रख दिया। बता दें कि बीते दिन मालवीय नगर के एक होटल में आग लगने से 21 लोगों की मौत हो गई थी और कई का हालत गंभीर बनी हुई है। जानकारी के मुताबिक होटल के मालिक को गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की कार्रवाई जारी है।
सबसे खास बात है कि इसमे कई विदेशी नागिरकों की भी मौत हुई है जो यहां ठहरे थे। लेकिन क्या आपको पता है कि इससे पहले भी दिल्ली में कई ऐसे अग्निकांड हुए है, जिसने कई तरह की बहस छेड़ दी थी। आईए आपको बताते है दिल्ली के कुछ प्रमुख अग्निकांड, जिसमे कई लोगों की जान चली गई थी।
विवेक विहार चाइल्ड अस्पताल अग्निकांड
2 साल पहले यानि 25 मई 2024 की देर रात विवेक विहार में स्थित एक चाइल्ड अस्पताल में आग लग गई। हादसे में 6 नवजात बच्चों की मौत हो गई थी। इस घटना ने अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा मानकों की पोल खोल दी थी। इसके साथ ही अस्पताल के नियमों की पोल खोल कर रख दी थी। अस्पताल का एनओसी एक्सपायर हो गया था। इसके साथ ही उस दौरान मौजूद डॉक्टर को भी गिरफ्तार कर लिया गया था।
उपहार सिनेमा अग्निकांड ने निगल ली थी कई जिंदगियां
यह बात है 13 जून 1997 की, जब दक्षिण दिल्ली के उपहार सिनेमा में बड़ी संख्या में लोग बॉर्डर फिल्म देखने को लिए आए थे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इसी दौरान ट्रांसफॉर्मर में तकनीकी खराबी के कारण आग लग गई। चंद मिनटों में पूरा सिनेमा हॉल धुआं से भर गया। निकासी ना होने के कारण लोग अंदर ही फंस गए। इस हादसे में 59 लोगों की मौत हो गई थी। जबकि 100 से अधिक लोग घायल हो गए थे।
अनाज मंडी फैक्ट्री अग्निकांड
दिसंबर 2019 में रानी झांसी रोड स्थित अनाज मंडी की एक अवैध फैक्ट्री में लगी आग में 43 लोगों की मौत हो गई थी। अधिकांश पीड़ित मजदूर थे जो उसी इमारत में सो रहे थे। यह दिल्ली के सबसे भयावह अग्निकांडों में से एक था। माना जाता है कि तंग गलियों के कारण समय पर निकासी नहीं होने के कारण ज्यादातर मजदूरों ने अपनी जान गंवा दी थी।






