Jharkhand News: प्राकृतिक सुंदरता, घने जंगलों, पहाड़ों और मनमोहक वॉटरफ़ॉल से भरपूर झारखंड अब पर्यटन के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान मजबूत करता जा रहा है। राज्य में मौजूद खूबसूरत वॉटरफॉल और प्राकृतिक पर्यटन स्थलों को विकसित करने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में पर्यटन को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया जा रहा है, जिससे झारखंड की प्राकृतिक खूबसूरती देश-दुनिया के पर्यटकों तक पहुंच सके। इसी बीच झारखंड के पर्यटन विभाग ने अहम जानकारी दी है।
झारखंड के वॉटरफॉल हैं प्रकृति की अनमोल धरोहर
झारखंड अपनी प्राकृतिक संपदा और शानदार वॉटरफॉल के लिए जाना जाता है। राज्य के अलग-अलग हिस्सों में मौजूद वॉटरफॉल पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित करते हैं। बारिश के मौसम के बाद इनकी खूबसूरती और भी निखर जाती है। इसी को लेकर झारखंड पर्यटन ने अपने एक्स हैंडल पर लिखा कि
Let the roar of Jonha Falls become your monsoon soundtrack.
Jonha Waterfalls in Ranchi is Jharkhand in its wild and wonderful monsoon glory.
Give your mind and heart a refreshing reminder to visit Jharkhand in monsoon.#JonhaWaterfalls@HemantSorenJMM pic.twitter.com/xgGyc5SzeO
— Jharkhand Tourism (@VisitJharkhand) September 11, 2026
“जोंहा फॉल्स की गूंज को अपने मॉनसून का साउंडट्रैक बनने दें। रांची में जोंहा वॉटरफ़ॉल, मॉनसून के मौसम में झारखंड की जंगली और अद्भुत सुंदरता का नज़ारा पेश करता है। अपने मन और दिल को मॉनसून में झारखंड घूमने की एक ताज़गी भरी याद दिलाएं”।
अगर झारखंड की बात करें तो यहां दशम फॉल, हुंडरू फॉल, जोन्हा फॉल और हिरनी फॉल जैसे प्रसिद्ध जलप्रपात झारखंड के प्रमुख पर्यटन आकर्षणों में शामिल हैं। यहां पहुंचने वाले पर्यटक प्राकृतिक वातावरण, हरियाली और पहाड़ी दृश्यों का आनंद ले सकते हैं।
पर्यटन को बढ़ावा देने पर सरकार का फोकस
झारखंड सरकार राज्य के पर्यटन क्षेत्र को मजबूत बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में प्राकृतिक, धार्मिक, सांस्कृतिक और एडवेंचर पर्यटन की संभावनाओं को विकसित करने पर ध्यान दिया जा रहा है।
पर्यटन स्थलों तक बेहतर पहुंच, सुविधाओं का विस्तार और स्थानीय स्तर पर पर्यटन से जुड़े अवसरों को बढ़ावा देना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इससे न केवल पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिलने की उम्मीद है, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी पैदा हो सकते हैं।
