Jharkhand Protest: बीते दिन छात्रों पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीजार्ज के बाद झारखंड का माहौल पूरी तरह से गरमा गया है। बीजेपी ने आज झारखंड में राज्यव्यापी बंद का ऐलान कर दिया है। जिसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है।
मालूम हो कि 10 अगस्त यानि कल जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षा को रद्द करने और सीबीआई जांच को लेकर बड़ी संख्या में छात्र विधानसभा घेराव के लिए निकले थे। कथित तौर पर पुलिस की तरफ से लाठीजार्ज और आंसू गैस के गोले छोड़े गए थे। जिसके बाद बीजेपी ने आज बंद का ऐलान किया है।
बीजेपी का राज्यव्यापी बंद का ऐलान
Jharkhand Protest के बीच बीजेपी ने आज झारखंड में बंद का ऐलान किया है। झारखंड बीजेपी अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि “झारखंड के बच्चों से जुड़े मामले में पुलिस ने जिस तरह से स्थिति को संभाला, उसके लिए उन्हें बुलाकर मेडल और सम्मान दिया जाना चाहिए। लाठीचार्ज के बाद सैकड़ों बच्चे घायल हुए हैं।
#WATCH | JPSC-JSSC aspirants’ protest in Ranchi | Jharkhand BJP President Aditya Sahu says, “The police personnel should be invited and awarded medals, honored, for the way they handled the situation involving the children of Jharkhand. Hundreds of children are currently injured… pic.twitter.com/izJDir7rjs
— ANI (@ANI) August 10, 2026
मुझे लगता है कि हेमंत सोरेन ने कभी गरीबी या संघर्ष का सामना नहीं किया है; अगर उन्होंने गांवों की गरीबी को करीब से देखा होता, तो शायद वे ऐसी बातें नहीं करते। उन्हें अपने पिता की विरासत और शोहरत मिली है, शायद इसीलिए वे छात्रों के साथ ऐसा व्यवहार करते हैं।”
झारखंड पर क्या बोले छात्र नेता?
झारखंड बीजेपी के आज राज्यव्यापी बंद के आह्वान पर छात्र नेता रवींद्र पासवान ने कहा कि “हम इस बात में नहीं पड़ना चाहते कि कौन सी पार्टी क्या कर रही है। अगर कोई पार्टी बंद का आह्वान करती है, तो यह उनका अधिकार है; इस पर हमारी कोई टिप्पणी नहीं है। हम छात्र हैं। हम यहां किसी मकसद के लिए आंदोलन कर रहे हैं।
#WATCH | Ranchi, Jharkhand: JPSC-JSSC aspirants’ protest | On Jharkhand BJP’s call for a statewide bandh today, Student leader Ravindra Paswan says, “We do not wish to get into which party is doing what. If a party calls for a bandh, that is their prerogative; we have no comment… pic.twitter.com/ACPNi5xPax
— ANI (@ANI) August 11, 2026
इस मामले पर हमारी कोई टिप्पणी नहीं है। जब राजनीतिक दल बंद का आह्वान करते हैं, तो हमारे पास कहने के लिए क्या है?” बता दें कि छात्रों और सरकार के बीच तीन बार की बातचीत भी हो चुकी है, लेकिन वह बेनतीजा निकली थी। हालांकि अब देखना दिलचस्प होगा कि आने वाले दिनों में छात्रों का अगला कदम क्या होने वाला है?
