कल का मौसम 29 Jan 2026: देशभर में मौसम का आंख मिचौली लगातार जारी है। मैदानी इलाकों में जबरदस्त बारिश हो रही है। वहीं अब बार फिर पश्चिमी विक्षोभ की एंट्री ने चिंता बढ़ा दी है। विभाग ने दिल्ली समेत कई जगहों पर आने वाले दिनों के लिए अलर्ट जारी कर दिया है। इसके अलावा पहाड़ों पर लगातार बर्फबारी जारी है, जिसकी वजह से लोगों को काफी नुकसान हुआ है। एक नया पश्चिमी विक्षोभ 31 जनवरी-02 फरवरी तक पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित करने की संभावना है, जिसमें 01 फरवरी को भारी वर्षा/बर्फबारी की संभावना है। उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों और उससे सटे मध्य भारत में 31 जनवरी-02 फरवरी तक हल्की वर्षा होने की संभावना है। चलिए आपको बताते है कि देशभर में कल का मौसम 29 Jan 2026 कैसा रहने वाला है।
इन जगहों पर भयंकर बारिश का अलर्ट जारी
28 जनवरी को उत्तराखंड में छिटपुट बारिश/बर्फबारी के साथ गरज और बिजली गिरने की प्रबल संभावना है। 28 जनवरी को पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और उत्तर प्रदेश में भी छिटपुट हल्की बारिश की संभावना है; पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी गरज और बिजली गिरने के साथ छिटपुट हल्की बारिश की संभावना है। 28 जनवरी को बिहार और छत्तीसगढ़ में गरज और बिजली गिरने के साथ छिटपुट हल्की/मध्यम बारिश की प्रबल संभावना है और छत्तीसगढ़, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी छिटपुट ओलावृष्टि की संभावना है।
अगले दो दिनों के दौरान उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में न्यूनतम तापमान में 2-4 डिग्री सेल्सियस की क्रमिक गिरावट आने की संभावना है; इसके बाद के दो दिनों में तापमान में 2-4 डिग्री सेल्सियस की क्रमिक वृद्धि होगी और उसके बाद कोई महत्वपूर्ण परिवर्तन नहीं होगा।
कई जगहों पर ओलावृष्टि का अलर्ट जारी
30 जनवरी 2026 की रात से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नए पश्चिमी विक्षोभ के आने की संभावना है। इसके प्रभाव से 1 फरवरी को पश्चिमी हिमालय क्षेत्र और उत्तर-पश्चिम भारत के निकटवर्ती मैदानी इलाकों में छिटपुट से लेकर व्यापक वर्षा/बर्फबारी, गरज, बिजली और 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। 31 जनवरी और 1 फरवरी को राजस्थान में छिटपुट हल्की वर्षा, गरज और बिजली गिरने की संभावना है। 1 फरवरी को जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुजफ्फरबाद और हिमाचल प्रदेश में छिटपुट भारी वर्षा/बर्फबारी की संभावना है। देश के शेष हिस्सों में न्यूनतम तापमान में कोई महत्वपूर्ण परिवर्तन होने की संभावना नहीं है।





