CM Mohan Yadav: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री CM Mohan Yadav के प्रयासों का असर अब राष्ट्रीय स्तर पर दिखाई देने लगा है। केंद्र सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली को आधुनिक और तकनीकी रूप से मजबूत बनाने के लिए SARTHAK-PDS फेज-2 योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत 25 हजार करोड़ रुपये से अधिक की बड़ी राशि आवंटित की गई है।
माना जा रहा है कि इससे राज्य में रह रहे गरीब परिवारो को जबरदस्त फायदा मिल रहा है। बता दें कि मुख्यमंत्री ने खुद अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स हैंडल पर जानकारी साझा की है।
CM Mohan Yadav ने केंद्र सरकार का जताय आभार
मोहन यादव ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा कि “आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ‘SARTHAK-PDS फेज-2’ के लिए ₹25,530 करोड़ की स्वीकृति दी है।
आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के नेतृत्व में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ‘SARTHAK-PDS फेज-2’ के लिए ₹25,530 करोड़ की स्वीकृति दी है।
इस पहल के तहत AI और आधुनिक तकनीकों के उपयोग से राशन वितरण व्यवस्था अधिक पारदर्शी होगी। गरीब कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देने वाले इस… pic.twitter.com/5hHDExg3SD
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) May 27, 2026
इस पहल के तहत AI और आधुनिक तकनीकों के उपयोग से राशन वितरण व्यवस्था अधिक पारदर्शी होगी। गरीब कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देने वाले इस निर्णय के लिए माननीय प्रधानमंत्री जी का हृदय से आभार”।
SARTHAK-PDS फेज-2 के तहत केंद्र सरकार ने जारी किए 25,530 करोड़ रूपये
- 16वें वित्त आयोग की अवधि के लिए ₹25,530 करोड़ के केंद्रीय व्यय को मंजूरी।
- खाद्यान्न आवाजाही सहायता और स्मार्ट-पीडीएस योजनाओं को सार्थक-पीडीएस के तहत एकीकृत किया गया।
- राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा खाद्यान्नों की राज्य के भीतर आवाजाही और हैंडलिंग पर किए गए खर्च के लिए केंद्रीय सहायता मानदंडों में संशोधन।
- मौजूदा केंद्रीय वित्तीय सहायता और एफपीएस डीलरों के मार्जिन सहायता को जारी रखा जाएगा।
- अधिक प्रभावी, पारदर्शी और तकनीक आधारित पीडीएस वितरण पर विशेष जोर।
योजना का विलय कर 31.03.2031 तक किया जाएगा संचलित
- राज्य के भीतर परिवहन, हैंडलिंग तथा उचित मूल्य दुकानों (FPS) के डीलरों के मार्जिन हेतु सुनिश्चित वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।
- यह योजना 81.35 करोड़ राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) लाभार्थियों की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने में सहायक होगी।
- एनएफएसए के प्रभावी क्रियान्वयन को मजबूत करने के लिए एकीकृत एवं इंटरऑपरेबल PDS संरचना विकसित की आएगी।
- PDS संचालन के आधुनिकीकरण हेतु एआई, एमएल, एनएलपी और ब्लॉकचेन तकनीकों का उपयोग किया जाएगा।
- रियल-टाइम मॉनिटरिंग और एआई-आधारित शिकायत निवारण प्रणाली विकसित की जाएगी।
- राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों में आधार सीडिंग, e-PoS ऑटोमेशन और कम्प्यूटरीकृत सप्लाई-चैन प्रबंधन का विस्तार किया जाएगा।






