Anurag Dhanda: अन्नदाता की धरती से नया ‘इंडस्ट्रियल हब’ बना प्रदेश! आप नेता ने रंगला पंजाब की तस्वीर साझा कर व्यक्त की खुशी

आप नेता Anurag Dhanda ने आंकड़े जारी कर बताया है कि कैसे अन्नदाताओं की धरती कहे जाने वाला पंजाब देश के नए इंडस्ट्रियल हब के रूप में उभरा है।

Anurag Dhanda

Picture Credit: गूगल (सांकेतिक तस्वीर)

Anurag Dhanda: वैश्विक मंच पर अपनी मेधा के बल पर झंडा गाड़ चुका पंजाब आज भारत का नया इंडस्ट्रियल हब बनकर उभरा है। जिस पंजाब को कभी अन्नदाताओं की धरती मात्र के नाम से ही जाना जाता था। आज वही पंजाब निवेशकों को आकर्षित कर रहा है। आंकड़े इस बात का पुख्ता प्रमाण हैं।

इसी को लेकर आप नेता अनुराग ढ़ांडा ने सरकार के प्रयासों की सराहना की है। अनुराग ढ़ांडा ने बताया है कि कैसे 2022 में पंजाब की सत्ता संभालने के बाद भगवंत मान सरकार अभी तक 1.5 लाख करोड़ से अधिक का निवेश आकर्षित करने में कामयाब रही है। अनुराग ढ़ांडा ने इसी क्रम में रंगला पंजाब की तस्वीर साझा कर मान सरकार के प्रयासों की सराहना की है।

आप नेता Anurag Dhanda ने साझा की रंगला पंजाब की तस्वीर!

अनुराग ढ़ांडा के आधिकारिक एक्स हैंडल से रंगला पंजाब की तस्वीर जारी की गई है। इस दौरान बताया गया है कि कैसे पंजाब देश के नए इंडस्ट्रियल हब के रूप में उभरा है। आप नेता ने आंकड़े भी पेश किए हैं।

पंजाब के लुधियाना में आज 3200 करोड़ रुपए की लागत से तैयार हुआ टाटा ग्रुप का मैन्यूफैक्चरिंग प्लांट, राजपुरा में जेएसडब्ल्यू ग्रुप का 1500 करोड़ रुपए का निवेश इस बात का पुख्ता प्रमाण है कि निवेशक पंजाब में निवेश को लेकर आश्वस्त हैं। फार्मा कंपनियों की बात करें तो आईओएल केमिकल्स द्वारा पंजाब में 1333 करोड़ रुपए का निवेश किया गया।

आईटी फर्म भी पंजाब में निवेश को गति दे रहे हैं। कुल निवेश की बात करें तो 2022 से अब तक मान सरकार पंजाब में 1.5 लाख करोड़ से भी अधिक का निवेश आकर्षित करने में कामयाब रही है। ये आंकड़ा सूबे के नए इंडस्ट्रियल हब के रूप में उभरने का प्रमाण है।

नए इंडस्ट्रियल हब के रूप में उभरा पंजाब!

अन्नदाताओं की धरती माना जाने वाला पंजाब आज देश के नए इंडस्ट्रियल हब के रूप में उभरा है। उपरोक्त में दर्ज किए निवेश के आंकड़े इस दावे को बल दे रहे हैं। ये दर्शाता है कि कैसे सीएम भगवंत मान ने अपने संकल्प के बल पर पंजाब की तस्वीर बदल ‘रंगला पंजाब’ की नींव और मजबूत की है। पहले जो पंजाब अन्नदाताओं यानी किसानों की धरती जाना जाता था। अब वहां निवेश की भरमार है जो युवाओं के लिए संभावनाओं की द्वार खोलते हुए सूबे की तस्वीर बदल रहा है।

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