Bhagwant Mann: पंजाब की भगवंत मान सरकार राज्य के विकास और जनकल्याण के लिए लगातार काम कर रही है। आप यानी आम आदमी पार्टी की सरकार को सत्ता संभाले हुए 4 साल बीत गए हैं। ऐसे में इस दौरान आप सरकार ने कई क्षेत्रों में महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं, जिससे पंजाब के युवाओं, महिलाएं, बुजुर्गों और किसानों को सीधा फायदा हुआ है। ऐसे में अब पंजाब सरकार ने एक सख्त फैसला लिया है, जिसके बाद सूबे में अगर किसी ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब की ‘बेअदबी’ की, तो उसे कठोरतम सजा दी जाएगी।
भगवंत मान सरकार ने उठाया कड़ा कदम
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जोर देकर कहा, ‘पंजाब सरकार कानूनों को मजबूत करके और कड़ी सजा लागू करके न्याय सुनिश्चित करने के लिए निर्णायक कदम उठा रही है। बैसाखी के अवसर पर पंजाब सरकार ने ‘जगत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार अधिनियम, 2008′ में संशोधन करने के लिए श्री आनंदपुर साहिब में विधानसभा का एक विशेष सत्र बुलाया है।’ मुख्यमंत्री ने कहा, ‘जो कोई भी ‘बेअदबी’ करने की कोशिश करेगा, उसे सबसे कड़ी सजा मिलेगी, जिसमें कम से कम 10 साल और अधिकतम आजीवन कारावास शामिल है।’
Punjab Chief Minister Bhagwant Singh Mann asserted that the Punjab Government is taking decisive steps to ensure justice by strengthening laws and enforcing strict punishment. He added that on the occasion of Baisakhi, the Punjab Government has called a special Assembly session… pic.twitter.com/lqMvN76GPq
— CMOPb (@CMOPbIndia) March 29, 2026
सीएम भगवंत मान ने लोगों से की खास अपील
उधर, बीते दिन आप के सीनियर नेता और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा, ‘आज उत्तर प्रदेश के मेरठ में महाराजा सूरजमल जी की प्रतिमा को जनता को समर्पित करते हुए अपने इतिहास और विरासत को नमन किया। बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों का उत्साह इस बात का प्रमाण है कि आज भी महाराजा सूरजमल जी की सोच लोगों के दिलों में जीवित है।’
उन्होंने आगे कहा, ‘महाराजा जी ने हमेशा धर्म से ऊपर मानवता, किसानों के साथ न्याय और सभी के लिए समानता का संदेश दिया। जहां एक ओर कुछ लोग राजनीति को सिर्फ अपने निजी फायदे के लिए इस्तेमाल करते हैं, वहीं आम आदमी पार्टी महाराजा सूरजमल जी के दिखाए रास्ते पर चलते हुए मानवता, सेवा और सच्ची राजनीति का संदेश आगे बढ़ा रही है। आज हमें संकल्प लेना चाहिए कि हम महापुरुषों के आदर्शों को जीवित रखें, किसानों की आवाज बनें और एक निष्पक्ष व न्यायपूर्ण समाज की स्थापना करें।’
