Bhagwant Mann: साल 2022 में पंजाब की जनता ने एएपी यानी आम आदमी पार्टी को बहुमत देकर सूबे की सत्ता सौंपी। ऐसे में मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुवाई में बीते 4 सालों में पंजाब को ‘रंगला पंजाब’ बनाने के लिए कई कदम उठाए गए हैं। मान सरकार ने प्रदेश की प्रगति के लिए हर क्षेत्र में प्रशंसनीय कार्य किए हैं। ऐसे में अब पंजाब की एएपी सरकार बिजली सेक्टर में नई क्रांति लाने की तैयारी कर रही है। जी हां, आपने सही पढ़ा, मान सरकार भूमिगत बिजली आपूर्ति परियोजना के जरिए बिजली क्षेत्र में एक नई क्रांति लाएगी। सरकार के इस कदम से राज्यवासियों को सीधा लाभ मिलेगा।
भगवंत मान सरकार ने बिजली सेक्टर में लिया ऐतिहासिक फैसला
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स यानी ट्विटर पर एएपी की पंजाब यूनिट ने पोस्ट कर भगवंत मान सरकार के ऐतिहासिक फैसले की जानकारी साझा की है। पोस्ट में बताया गया है कि ‘पंजाब के निवासियों को अब बिजली के खंभों से मुक्ति मिल जाएगी, मान सरकार द्वारा शुरू की गई भूमिगत बिजली आपूर्ति परियोजना बिजली क्षेत्र में एक नई क्रांति लाएगी। पंजाब देश का पहला ऐसा राज्य बन जाएगा, जहां बिजली की आपूर्ति भूमिगत माध्यम से होगी।’
ਪੰਜਾਬ ਵਾਸੀਆਂ ਨੂੰ ਹੁਣ ਬਿਜਲੀ ਦੇ ਖੰਭਿਆਂ ਤੋਂ ਮਿਲੇਗਾ ਛੁਟਕਾਰਾ, ਮਾਨ ਸਰਕਾਰ ਵੱਲੋਂ ਸ਼ੁਰੂ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਅੰਡਰ ਗਰਾਊਂਡ ਬਿਜਲੀ ਸਪਲਾਈ ਦਾ ਪ੍ਰੋਜੈਕਟ ਬਿਜਲੀ ਖੇਤਰ ‘ਚ ਨਵੀਂ ਕ੍ਰਾਂਤੀ ਲਿਆਏਗਾ। ਅੰਡਰ ਗਰਾਊਂਡ ਬਿਜਲੀ ਸਪਲਾਈ ਵਾਲ਼ਾ ਪੰਜਾਬ ਦੇਸ਼ ਦਾ ਪਹਿਲਾ ਸੂਬਾ ਹੋਵੇਗਾ। pic.twitter.com/XdvqTZGGux
— AAP Punjab (@AAPPunjab) May 17, 2026
गौरतलब है कि मान सरकार की भूमिगत बिजली आपूर्ति परियोजना को राज्य के ऊर्जा ढांचे में एक बड़े बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। इस योजना के तहत बिजली की तारों को जमीन के नीचे बिछाया जाएगा, जिससे न केवल बिजली आपूर्ति अधिक सुरक्षित और भरोसेमंद बनेगी, बल्कि तूफान, बारिश और अन्य प्राकृतिक कारणों से होने वाले बिजली बाधित होने की घटनाओं में भी कमी आएगी।
‘भूमिगत बिजली आपूर्ति परियोजना’ को लेकर क्या है भगवंत मान सरकार की योजना
पंजाब की भगवंत मान सरकार इस परियोजना से शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में बिजली वितरण प्रणाली मजबूत करना चाहती है। ऐसे में खुले तारों के कारण होने वाले हादसों पर नियंत्रण मिलेगा और बिजली चोरी जैसी समस्याओं में भी कमी आने की संभावना है। साथ ही, शहरों की सुंदरता और आधुनिक बुनियादी ढांचे को भी बढ़ावा मिलेगा।
इतना ही नहीं, मान सरकार की इस परियोजना के माध्यम से सूबे के उद्योगों, व्यापार और आम उपभोक्ताओं को बेहतर सुविधाएं प्रदान की जा सकेंगी। लंबे समय में यह परियोजना ऊर्जा क्षमता बढ़ाने और रखरखाव लागत कम करने में भी सहायक साबित हो सकती है।
