CM Bhagwant Mann: पूरे देश में आज महाशिवरात्रि का त्योहार बहुत धूमधाम से मनाया जा रहा है। बता दें कि आज के दिन भगवान शिव की पूजा-अर्चना की जाती है। माना जाता है कि इसी दिन भगवान शिव और माता पार्वती की शादी हुई थी। वहीं प्रयागराज में लेग माघ मेले में भी करोड़ों की तादात में लोग महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर संगम स्नान करने के लिए पहुंचे है। माना जाता है कि आज के दिन गंगा स्नान, भगवान शिव की पूजा करने से सारे पाप धुल जाते है। इसी बीच पंजाब के मुख्यमंत्री सीएम भगवंत मान राज्य के लोगों को महाशिवरात्रि के मौके के शुभकामनाएं दी। सबसे खास बात है कि पंजाब में यह त्योहार बहुत ही धूमधाम से मनाया जाता है।
महाशिवरात्रि के मौके पर CM Bhagwant Mann ने राज्यवासियों की दी शुभकामनाएं
पंजाब के सीएम भगवंत मान ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर लिखा कि “आप सभी को महाशिवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं। भगवान शिव आप सभी को असीम सुख और अच्छे स्वास्थ्य का आशीर्वाद दें”। मालूम हो कि पंजाब मे भी महाशिवरात्रि का त्योहार बहुत ही धूमधाम से मनाया जाता है। जानकारी के मुताबिक सुबह चार बजे से ही प्रदेश भर के प्रमुख मंदिरों में भक्तों की लंबी-लंबी कतारे लगी हुई है।
ਮਹਾਸ਼ਿਵਰਾਤਰੀ ਦੀਆਂ ਆਪ ਸਭ ਨੂੰ ਹਾਰਦਿਕ ਸ਼ੁੱਭਕਾਮਨਾਵਾਂ। ਭਗਵਾਨ ਸ਼ਿਵ ਜੀ ਤੁਹਾਨੂੰ ਸਾਰਿਆਂ ਨੂੰ ਬੇਅੰਤ ਖ਼ੁਸ਼ੀਆਂ ਅਤੇ ਚੰਗੀ ਸਿਹਤ ਨਾਲ ਨਿਵਾਜਣ। pic.twitter.com/VGAeIE1XGY
— Bhagwant Mann (@BhagwantMann) February 15, 2026
फाजिल्का शहर के सिद्ध क्षी हनुमान मंदिर, शिव भवन, श्रीराम संकीकर्तन मंदिर और श्री बालाजी धाम में सुबह पहली आरती के दौरान भारी भीड़ उमड़ी। नंगल के श्री खानेश्वर महादेव मंदिर और श्री ओम्कारेश्वर महादेव मंदिर में भी सुबह से जलाभिषेक के लिए लंबी कतारें देखने को मिलीं। श्रद्धालु हाथों में कलश लिए अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। पटियाला के श्री कैलाशपति मंदिर में विशेष आरती और भजन-कीर्तन का आयोजन हुआ।
क्यों मनाया जाता है महाशिवरात्रि का पावन त्योहार?
महाशिवरात्रि भगवान शिव की आराधना का अत्यंत पवित्र और महत्वपूर्ण हिंदू पर्व है। यह फाल्गुन मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को मनाया जाता है। इस दिन श्रद्धालु व्रत रखते हैं, रात्रि जागरण करते हैं और शिवलिंग का विशेष पूजन-अभिषेक करते हैं। माना जाता है कि इसी दिन भगवान शिव और मां पार्वती की शादी हुई थी। इसके अलावा पुराणों के अनुसार इस पावन रात्रि में भगवान शिव अनंत ज्योतिर्लिंग के रूप में प्रकट हुए थे। इसलिए इस दिन शिवलिंग की पूजा का विशेष महत्व है। कहा तो यह भी जाता है कि नीलकंठजह समुद्र मंथन से हलाहल विष निकला, तब भगवान शिव ने उसे ग्रहण कर संसार की रक्षा की, इसी कारण उन्हें नीलकंठ कहा जाता है। महाशिवरात्रि उनके त्याग और करुणा का स्मरण कराती है। कुल मिलाकर हिंदुओं के लिए महाशिवरात्रि काफी महत्वपूर्ण त्योहार है।






