CM Bhagwant Mann: हर दिन पंजाब पुलिस को नशे के खिलाफ कामयाबी मिल रही है, जिससे ड्रग्स तस्करों की टेंशन बढ़ गई है। आलम यह है कि अभी तक 50 हजार से अधिक ड्रग्स तस्करों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इसके अलावा प्रतिदिन बड़ी संख्या में ड्रग्स और अन्य नशीले पदार्थों की बरामदगी की जा रही है। गौरतलब है कि सीएम भगवंत मान की अगुवाई में पंजाब पुलिस की ताबड़तोड़ एक्शन जारी है, जिसका असर भी देखने को मिल रहा है। वहीं नशे के खिलाफ जारी अभियान के 359वें दिन पुलिस ने 6 किलो से अधिक ड्रग्स की बरामदगी की है। साथ ही 99 ड्रग्स तस्करों की गिरफ्तारी की गई है। इसकी जानकारी खुद पंजाब पुलिस इंडिया ने अपने एक्स हैंडल से शेयर की है।
नशे के खिलाफ पंजाब पुलिस का ताबड़तोड़ एक्शन जारी
डीजीपी पंजाब पुलिस ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा कि “नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अपने गहन अभियान को जारी रखते हुए, पंजाब पुलिस ने 99 नशीले पदार्थों के तस्करों को गिरफ्तार किया और 6.9 किलोग्राम हेरोइन, 6 किलोग्राम आइस (ICE), 1 किलोग्राम अफीम,
Punjab | Day 359 of #YudhNashianVirudh | @ANTFPunjab
Sustaining its intensive campaign against drug trafficking, Punjab Police apprehended 99 drug smugglers and seized 6.9 kg heroin, 6 kg ICE, 1 kg opium, 210 kg poppy husk, 577 intoxicant tablets/capsules, along with ₹7,870… pic.twitter.com/XVnmKZTDEx
— Punjab Police India (@PunjabPoliceInd) February 24, 2026
210 किलोग्राम पोस्त की भूसी, 577 नशीली गोलियां/कैप्सूल और 7,870 रुपये नशीले पदार्थों की नकदी जब्त की। 30 लोगों को नशामुक्ति और पुनर्वास उपचार कराने के लिए प्रेरित किया गया”। पंजाब भर में कई स्थानों पर छापेमारी की गई। 99 मादक पदार्थों के तस्कर गिरफ्तार। 359 दिनों में गिरफ्तार मादक पदार्थों के तस्करों की संख्या – 50964 हो गई है।
CM Bhagwant Mann की अगुवाई में नशे पर लगी लगाम
सीएम भगवंत मान की अगुवाई में नशे पर पूरी तरह से लगाम लग गई है। जिसके बाद कई तरह के सवाल खड़े हो रहे है। पुलिस के मुताबिक कुल जब्त हेरोइन – 6.9 किलोग्राम, कुल बरामद आइस – 6 किलोग्राम, कुल जब्त अफीम – 1 किलोग्राम,कुल जब्त पोस्त का छिलका – 210 किलोग्राम, कुल बरामद गोलियां/कैप्सूल – 577, कुल बरामद ड्रग मनी- 7,870 रुपये, 359 दिनों में गिरफ्तार ड्रग एडिक्ट्स की संख्या – 50964 एसपी/डीएसपी रैंक के अधिकारियों और पुलिस कर्मियों के नेतृत्व में पुलिस टीमों ने संदिग्धों की जांच की। 30 लोगों को नशा मुक्ति उपचार के लिए भेजा गया।
