CM Bhagwant Mann पहुंचे नांदेड़, श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की 350वीं शहादत वर्षगांठ के उपलक्ष्य में आयोजित समारोह में लेंगे हिस्सा

CM Bhagwant Mann: गुरु तेग बहादुर की 350वीं शहादत वर्षगांठ के भव्य समारोह के रूप में महाराष्ट्र के नांदेड़ में 'हिंद की चादर' कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ।

CM Bhagwant Mann: गुरु तेग बहादुर की 350वीं शहादत वर्षगांठ के भव्य समारोह के रूप में महाराष्ट्र के नांदेड़ में ‘हिंद की चादर’ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। समारोह का प्रारंभ श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की भव्य स्थापना और तख्त सचखंड श्री हजूर अबचल नगर साहिब से ‘नगर कीर्तन’ के शुभारंभ के साथ हुआ। वहीं इस समारोह में हिस्सा लेने के लिए पहुंचे। इस दौरान उन्होंने सम्मान और आदर के लिए आयोजकों और स्थानीय समुदाय का धन्यवाद जताया। इसके अलावा उन्होंने वहां पर मौजूद लोगों को संबोधित भी किया। इस आयोजन में देशभर से लगभग 10 लाख श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है और यह आयोजन मोदी ग्राउंड में 52 एकड़ के विशाल परिसर में विभिन्न सुविधाओं के साथ आयोजित किया जा रहा है। सीएम भी इस आयोजन में हिस्सा लेने के लिए पहुंचे।

गुरु तेग बहादुर की 350वीं शहादत वर्षगांठ के भव्य समारोह में  CM Bhagwant Mann लेंगे हिस्सा

सीएम भगवंत मान तख्त श्री हजूर साहिब नांदेड़ पहुंचे, और मत्था टेका, बता दें कि वह नौवें गुरु, श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की 350वीं शहादत वर्षगांठ के उपलक्ष्य में आयोजित समारोह में भाग लेंगे। इसके अलावा उन्होंने शताब्दी समारोह में आमंत्रित करने और नांदेड़ पहुंचने पर मुझे दिए गए सम्मान और आदर के लिए आयोजकों और स्थानीय समुदाय का धन्यवाद जताया।

मुख्यमंत्री Bhagwant Mann ने नांदेड़ में नौवें गुरु जी की 350वीं शहादत वर्षगांठ के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रमों में भाग लिया। स्मृति कार्यक्रमों के संयुक्त प्रयासों की सराहना करते हुए उन्होंने सिख समुदाय द्वारा मानवता के लिए की जा रही निरंतर सेवा का उल्लेख किया। साथ ही सिख समुदाय की अद्वितीय शहादत की स्मृति में अभूतपूर्व तरीके से कार्यक्रम आयोजित करने का निमंत्रण।

श्री गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान जैसा उदाहरण विश्व में कहीं नहीं – सीएम मान

सीएम भगवंत मान ने आगे कहा कि “श्री गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान जैसा उदाहरण विश्व में कहीं नहीं मिलता। गुरु जी के बलिदान के बाद कश्मीरी पंडित कृपा राम सिंह को कृपा सिंह नियुक्त किया गया और वे चामकौर के युद्ध में शहीद हो गए।

संचार के सभी माध्यमों से नई पीढ़ी को अपने इतिहास के बारे में यथासंभव जागरूक करें। हमारी सरकार संगत की सेवा में सदा तत्पर है! नांदेड़ साहिब को पवित्र नगर घोषित करने और स्थानीय पंजाब भवन में संगत के लिए सुविधाओं को बेहतर बनाने में सहयोग का आश्वासन दिया गया”।

 

 

 

Exit mobile version