Punjab News:पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज दावा किया कि यह दीवार पर लिखा पढ़ा जा सकता है कि आम आदमी पार्टी (आप) 2027 के विधानसभा चुनावों में और भी बड़े बहुमत के साथ सत्ता में वापसी करेगी, क्योंकि लोगों ने सरकार की जन-पक्षधर और विकास-उन्मुख नीतियों में भारी भरोसा जताया है। मानसा जिले के हलका बुढ़लाडा के गांव धरमपुरा में ‘लोक मिलनी’ के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा शुरू किए गए बेमिसाल कल्याण कार्यों ने पंजाब की तस्वीर बदल दी है और सरकार तथा जनता के बीच संबंधों को और मजबूत किया है।
पंजाब को सही मायनों में ‘रंगला पंजाब’ बनाने के रास्ते पर डाला है
पंजाब के अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए अपनी सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता दोहराते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य ने मुफ्त बिजली और स्वास्थ्य सुविधाओं से लेकर महिला सशक्तीकरण और बुनियादी ढांचे के विकास तक हर क्षेत्र में ऐतिहासिक प्रगति देखी है। उन्होंने कहा कि सरकार ने दशकों के विकास के अंतर को पाटा है, पंजाब को सही मायनों में ‘रंगला पंजाब’ बनाने के रास्ते पर डाला है और यह सुनिश्चित किया है कि शासन के लाभ राज्य के हर घर तक पहुंचें।
लोक मिलनी वाले स्थान पर लोगों की बाढ़ आ गई; महिलाओं ने ‘मांवां-धीयां सत्कार योजना’ के लिए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान का धन्यवाद किया
लोक मिलनी को लोगों द्वारा भरपूर प्रतिक्रिया मिली और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की सभा को संबोधित करने से बहुत पहले ही पंडाल पूरी तरह से भर गया था। जैसे-जैसे भीड़ बढ़ती गई, कई निवासी मुख्यमंत्री को सुनने के लिए अपने घरों की छतों पर आ गए। यह उत्साहजनक सहभागिता लोगों और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के बीच गहरे संबंध को दर्शाती थी। वार्तालाप के दौरान कई महिलाओं ने ‘मांवां-धीयां सत्कार योजना’ और अपनी सरकार के अन्य कल्याण कार्यों के लिए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि यह योजना पंजाब भर की महिलाओं को वित्तीय सहायता, मान-सम्मान और आत्मविश्वास देगी।
लोक मिलनी को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि ‘आप’ सरकार ने पंजाब को विकास के रास्ते पर मजबूती से डाला है और हर गुजरते दिन के साथ तरक्की की रफ्तार तेज हो रही है। उन्होंने कहा, “हमारी सरकार ने कल्याणकारी शासन, पारदर्शी प्रशासन और स्वास्थ्य सेवा, महिला सशक्तीकरण, बिजली और जनता सेवाओं के क्षेत्र में ऐतिहासिक पहलकदमियों के माध्यम से लोगों की उम्मीदों को पूरा करने के लिए अथक मेहनत की है।”
राज्य सरकार द्वारा लोक कल्याण के लिए किए गए उपाय बेमिसाल हैं
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “आप 2027 के विधानसभा चुनावों के दौरान फिर से सरकार बनाकर पंजाब में इतिहास रचेगी। लोगों का फैसला बिल्कुल साफ होगा। ‘आप’ 2022 के मुकाबले ज्यादा सीटें जीतेगी क्योंकि लोगों का प्यार और समर्थन पार्टी और सरकार के साथ है। राज्य सरकार द्वारा लोक कल्याण के लिए किए गए उपाय बेमिसाल हैं। यह साफ नजर आ रहा है कि पंजाबी ‘आप’ को फिर से सत्ता में लाने के लिए उत्सुक हैं, जिसके कारण पारंपरिक पार्टियां बौखला गई हैं।”
मुख्यमंत्री ने कहा, “यह बहुत ही गर्व और संतुष्टि की बात है कि पंजाब के विकास को सही राह पर डाला गया है और अब पंजाब सरकार हर गुजरते दिन के साथ इसकी रफ्तार बढ़ा रही है। राज्य सरकार ने 70 सालों के अंतर को भर दिया है और ‘रंगला पंजाब’ के निर्माण के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।”
उन्होंने आगे कहा, “आप सरकार देश की पहली ऐसी सरकार है, जिसने ‘लोगों का घोषणा-पत्र’ लागू किया है क्योंकि लोगों द्वारा उठाई गई सभी न्यायसंगत मांगों को वास्तविकता में बदला जा रहा है।”
पुराने मुख्यमंत्रियों पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “मुझसे पहले के मुख्यमंत्री कभी भी आम लोगों से नहीं मिले क्योंकि वे मौसम देखकर ही अपने आलीशान घरों से बाहर निकलते थे, जबकि मैं लोगों के लिए चौबीसों घंटे उपलब्ध हूं। इन नेताओं ने अपने सरकारी पदों का दुरुपयोग करके अंधी दौलत इकट्ठी की और अवैध रूप से बड़े-बड़े महल बनवाए। इन आलीशान घरों की दीवारें ऊंची थीं और इनके दरवाजे आम लोगों के लिए बंद रहते थे। वे जनता की पहुंच से दूर रहे और आखिरकार जनता ने उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया।”
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “पंजाब के लोगों ने बारी-बारी से लूटने वालों को बाहर कर दिया है। इन नेताओं ने लंबे समय तक लोगों को मूर्ख बनाया, लेकिन राज्य के समझदार लोग अब इनके भ्रामक प्रचार में नहीं आएंगे। ये अहंकारी राजनेता हमेशा लोगों को हल्के में लेते थे और आखिरकार लोगों ने उन्हें नकार दिया। ये अवसरवादी नेता बौखला गए हैं क्योंकि लोग इन्हें कोई प्रतिक्रिया नहीं दे रहे। इनका एजेंडा लोगों की भलाई की बजाय सिर्फ अपने परिवारों की भलाई तक सीमित है।”
विपक्षी पार्टियों पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “अकाली दल अब केवल देवरानी-जेठानी की पार्टी बनकर रह गया है। एक सांसद है और दूसरी विधायक है। सुखबीर बादल 2022 की हार के सदमे से अभी तक बाहर नहीं निकल पाए हैं। पूर्व उपमुख्यमंत्री कहते हैं कि उन्होंने अपने सभी विधायकों को विधानसभा में न जाने के निर्देश दिए हैं, लेकिन वे यह भूल गए कि शिरोमणि अकाली दल में अब केवल एक ही विधायक बचा है और वह भी उनका रिश्तेदार है।”
उन्होंने कहा, “अकाली, कांग्रेस और भाजपा वाले जानते हैं कि वे राजनीतिक तौर पर मेरा मुकाबला नहीं कर सकते। इसलिए वे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से बनाई गई फर्जी वीडियो के जरिए धार्मिक मुद्दों पर मुझे बदनाम करने के लिए एकजुट हो गए हैं।”
अकाली नेतृत्व पर हमला बोलते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “अकाली नेताओं ने अपने लंबे और दमनकारी शासनकाल के दौरान राज्य को बेरहमी से लूटा और आम लोगों पर अनगिनत तथा अक्षम्य अत्याचार किए। उन्होंने पंजाबियों की मानसिकता को भावनात्मक रूप से आहत किया और राज्य को बर्बाद करने के लिए कई माफियाओं को संरक्षण दिया। अकाली नेतृत्व को कभी माफ नहीं किया जा सकता क्योंकि वह पंजाब की कई पीढ़ियों के विनाश के लिए जिम्मेदार है। ‘चिट्टे’ के कारोबार को उनका संरक्षण प्राप्त था और उनके लंबे कुशासन के दौरान यह खूब फला-फूला।”
उन्होंने आगे कहा, “अकाली नेता जनता में अपना आधार खो चुके हैं। उनकी रैलियों में भीड़ दिखाने के लिए पैसे देकर कार्यकर्ताओं को लाया जाता है। हर अकाली रैली में वही भीड़ दिखाई देती है।”
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “कांग्रेस पार्टी अपने अंतिम दौर में है और बहुत जल्द समाप्त हो जाएगी क्योंकि उसके पास लोगों और राज्य के लिए कोई विजन नहीं है। उनका एकमात्र उद्देश्य सत्ता हासिल कर पंजाब की संपत्ति को लूटना है, लेकिन उनके ये सपने कभी पूरे नहीं होंगे।”
उन्होंने कहा, “कांग्रेस पार्टी आपसी गुटबाजी का शिकार है और अपनी अंदरूनी लड़ाई के कारण स्वयं ही ढह जाएगी। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि सत्ता के लिए लड़ रहे इन नेताओं को एकजुट करने आने वाले शीर्ष कांग्रेसी नेताओं को इनके नाम तक सही ढंग से बोलने नहीं आते।”
पंजाब के नदी जल के मुद्दे पर बोलते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “हमारी सरकार पंजाब के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और इस नेक कार्य के लिए कोई कसर बाकी नहीं छोड़ी जाएगी। पड़ोसी राज्य पंजाब का पानी छीनने पर तुले हुए थे, लेकिन राज्य सरकार ने सख्त रुख अपनाया और यह सुनिश्चित किया कि दूसरी राज्यों के साथ एक बूंद पानी भी साझा न किया जाए।”
उन्होंने कहा, “हमारी सरकार के दृढ़ रुख के कारण पंजाब का पानी बच गया है। यह सरकार का मूल कर्तव्य है। किसी को भी पंजाब के अधिकारों पर डाका डालने की अनुमति नहीं दी जाएगी। मैं यहां पंजाब और पंजाबियों के रक्षक के रूप में बैठा हूं। हमें हमारे अधिकारों से वंचित करने की किसी भी साजिश को विफल कर दिया जाएगा।”
किसानों को भी अब दिन के समय बिजली मिल रही है
मुख्यमंत्री ने आगे कहा, “आप सरकार राज्य के खजाने के एक-एक पैसे का उपयोग जनता के कल्याण के लिए कर रही है। पंजाब में 90 प्रतिशत से अधिक घरों को मुफ्त बिजली मिल रही है। यहां तक कि किसानों को भी अब दिन के समय बिजली मिल रही है, जो एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।”
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “ऐसे समय में जब देश की संपत्तियां चहेतों को औने-पौने दामों पर सौंपी जा रही हैं, पंजाब सरकार ने एक निजी थर्मल प्लांट खरीदकर और उसका नाम श्री गुरु अमरदास जी के नाम पर रखकर इतिहास रच दिया है।”
‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना’ का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “लोगों को व्यापक स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के लिए राज्य सरकार ने ‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना’ शुरू की है। यह देश की अपनी तरह की पहली योजना है, जिसके तहत पंजाब के प्रत्येक निवासी परिवार को 10 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जाता है।”
उन्होंने आगे कहा, “यह गर्व और संतोष की बात है कि पंजाब ऐसी व्यापक स्वास्थ्य बीमा सुविधा देने वाला देश का पहला राज्य है। इससे गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित होने के साथ-साथ जनता पर वित्तीय बोझ भी काफी हद तक कम हुआ है। इस ऐतिहासिक कदम का उद्देश्य राज्य के सभी परिवारों को व्यापक स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करना है। लोग इस योजना के तहत पहले ही 650 करोड़ रुपये से अधिक का मुफ्त इलाज करवा चुके हैं।”
महिला सशक्तिकरण के बारे में मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “पहली जुलाई से 18 वर्ष से अधिक आयु की महिला लाभार्थियों को उनके मोबाइल फोन पर वित्तीय सहायता की सूचना मिलने लगेगी। यह राशि सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जाएगी और जो महिलाएं पहले से सामाजिक सुरक्षा पेंशन प्राप्त कर रही हैं, वे भी इसके लिए पात्र होंगी। पंजाब की लगभग 97 प्रतिशत महिलाओं को इसका लाभ मिलने की उम्मीद है और राज्य सरकार ने इस योजना के लिए 9,300 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।”
इस पहल के सामाजिक महत्व पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “भले ही यह वित्तीय सहायता महिलाओं को अमीर न बनाए, लेकिन उन्हें सम्मान अवश्य देगी। महिलाएं सबसे अधिक सम्मान की अधिकारिणी हैं क्योंकि वे स्वयं जीवन का स्रोत हैं। माताओं और बहनों के आशीर्वाद से दुनिया की हर चुनौती को पार किया जा सकता है। घरेलू कल्याण में सुधार, लैंगिक समानता को बढ़ावा देने और सामाजिक एवं आर्थिक निर्णयों में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए उनकी आर्थिक आत्मनिर्भरता अत्यंत आवश्यक है।”
मुख्यमंत्री ने कहा, “इस प्रकार के कार्यक्रम पिछली सरकारों के एजेंडे में कभी नहीं थे। उन्होंने पंजाब को बर्बाद किया और उसकी संपत्ति लूटने में कोई कसर नहीं छोड़ी। राज्य सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है कि राज्य के युवा ऐसी पहलों का लाभ उठाएं, जिससे पंजाब देश का अग्रणी राज्य बन सके।”
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “पंजाब पहले ही स्वास्थ्य, शिक्षा, स्टार्टअप्स और कई अन्य प्रमुख क्षेत्रों में देश का नेतृत्व कर रहा है। सड़क सुरक्षा बल की स्थापना, किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध कराना, 300 यूनिट मुफ्त बिजली और हाई-टेंशन बिजली की तारों को भूमिगत करना उन नवाचारी पहलों में शामिल हैं, जिन्होंने राज्य की अर्थव्यवस्था को नई गति दी है।”






