CM Yogi Adityanath: उत्तर प्रदेश अब सिर्फ बड़े निवेश और औद्योगिक विकास के लिए ही नहीं, बल्कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डेटा सेंटर, सेमीकंडक्टर, रोबोटिक्स और डिजिटल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में भी अपनी नई पहचान बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार का फोकस निवेश को अत्याधुनिक तकनीक और इनोवेशन से जोड़ने पर है। हालिया पहलों से संकेत मिलता है कि राज्य आने वाले वर्षों में देश के प्रमुख टेक्नोलॉजी हब में शामिल होने की तैयारी कर रहा है। इसकी जानकारी खुद CM Yogi Adityanath के मुख्य सलाहकार अवनीश के अवस्थी ने दी है।
यूपी लिखेगा डिजिटल भविष्य का नया अध्याय
अवनीश के अवस्थी ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा कि “उत्तर प्रदेश भारत के डिजिटल भविष्य को आगे बढ़ा रहा है। ₹2 लाख करोड़ से ज़्यादा के निवेश की संभावना, 2 GW से ज़्यादा नई क्षमता और 57,500 नौकरियों के साथ, UP की डेटा सेंटर पॉलिसी 2026 एक मज़बूत डिजिटल अर्थव्यवस्था की नींव रख रही है।
Uttar Pradesh is powering India’s digital future!
With ₹2 lakh crore+ investment potential, 2 GW+ new capacity and 57,500 jobs, UP’s Data Centre Policy 2026 is laying the foundation for a stronger digital economy.
• 10 GW data-centre capacity targeted by 2030.
Investments,… pic.twitter.com/Ln7TYKkR9N— Awanish K Awasthi (@AwasthiAwanishK) August 11, 2026
2030 तक 10 GW डेटा-सेंटर क्षमता का लक्ष्य। निवेश, इनोवेशन और अवसरों के साथ, UP आज ही आने वाले कल का निर्माण कर रहा है”।
रोजगार के मिलेंगे नए अवसर
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डेटा सेंटर, सेमीकंडक्टर, रोबोटिक्स और डिजिटल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश नया कीर्तिमान रचने जा रहा है। माना जा रहा है कि इससे बड़ी संख्या में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। इसके अलावा टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में भारत एक अलग अध्याय लिखने की और अग्रसर है।
राज्य के डिजिटल भविष्य में नोएडा और लखनऊ की भूमिका खास मानी जा रही है। नोएडा पहले से ही आईटी, इलेक्ट्रॉनिक और डाटा सेंटर इन्वेस्टमेंट के लिए महत्वपूर्ण केंद्र बन चुका है, जबकि लखनऊ को एआई और इनोवेशन इकोसिस्टम के नए केंद्र के रूप में विकसित करने की योजनाएं सामने आई हैं।
