Hair Removal Cream Veet : अभी हालहि में दिल्ली में नकली सेंसोडाइन टूथपेस्ट बनाने वाली कंपनी का भांडाफोड़ हुआ था। अब दिल्ली से ही बालों को निकालने वाली नकली वीट क्रीम के रैकेट का खुलासा हुआ है। यहां पर असली वीट क्रीम के नाम पर मार्केट में नकली प्रोडक्ट बेचा जा रहा था।दिल्ली क्राइम ब्रांच की तरफ से ये खुलासा हुआ है। जिसमें कई सारे कॉस्मेटिक प्रोडक्ट बनाने वाले लोगों को गिरफ्तार किया गया है। ये सारी काला बाजारी दिल्ली के संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर में चल रही है। क्राम ब्रांच ने नकली क्रीम बना रहे गिरोह को गिरफ्तार कर लिया है।
Hair Removal Cream Veet नकली बनाए जा रहे सरगना का भांडाफोड़
दिल्ली क्राइम ब्रांच के द्वारा पकड़े गए सभी आरोपियों के वीडियो को Sachin Gupta नाम के एक्स हैंडल से पोस्ट किया गया है। इसके साथ ही कैप्शन में लिखा है, ‘हेयर रिमूवल क्रीम Veet भी अब नकली बनाई रही है। दिल्ली पुलिस ने ऐसी फैक्ट्री पकड़ी है। 4000 नकली Veet ट्यूब, 5500 से ज्यादा पैक्ड प्रोडक्ट, 10 हजार खाली ट्यूब, वैक्स सहित भारी मात्रा में केमिकल मिले हैं।
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हेयर रिमूवल क्रीम Veet भी अब नकली बनाई रही है। दिल्ली पुलिस ने ऐसी फैक्ट्री पकड़ी है। 4000 नकली Veet ट्यूब, 5500 से ज्यादा पैक्ड प्रोडक्ट, 10 हजार खाली ट्यूब, वैक्स सहित भारी मात्रा में केमिकल मिले हैं। नीरज गुप्ता, रवि, सुरेश राजपूत, दिनेश चंद्र सति गिरफ्तार हैं। pic.twitter.com/hslPQC634u
— Sachin Gupta (@Sachingupta) April 14, 2026
नीरज गुप्ता, रवि, सुरेश राजपूत, दिनेश चंद्र सति गिरफ्तार हैं।’ क्राइम ब्रांच के द्वारा पकड़े गए सभी आरोपियों के नाम दिनेश चंद्र सती , नीरज गुप्ता, रवि और सुरेश कुमार राजपूत हैं। ये लोग बाल निकालने वाली फेमस कंपनी वीट की नकली कॉपी बनाकर मार्केट में सप्लाई कर रहे थे। इस नेटवर्क का प्रमुख नीरज गुप्ता बताया जा रहा है। दो सालों से नकली वीट बनाने का धंधा चल रहा था।
पुलिस ने कैसे पकड़ी नकली वीट की फैक्ट्री?
बादली के आरा रोड में नकली वीट बनाने की फैक्ट्री नीरज गुप्ता के द्वागा लगाई गई थी। इस फैक्ट्री का भांडाफोड़ एसीपी राज कुमार और इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार की टीम ने किया है। पुलिस की टीम ने जब छापेमारी की तो उन्हें वीट की नकली मैन्युफैक्चरिंग यूनिट मिली। जहां पर नकली कच्चा माल बहुत अधिक मात्रा में पाया गया। यहां पर क्राइम ब्रांच ने पाया कि, नकली पैकेजिंग और सप्लाई का काम धड़िल्ले से चल रहा था। पुलिस ने खुलासा किया आरोपियों ने पहले नकली वीट बनाने का काम छोटे लेवल पर किया था। जब मोटी कमाई होने लगा तो बड़े लेवल पर ये करना शुरु कर दिया। इनके द्वारा लोकल मार्केट में इसे बेचा जा रहा था।इस रैकेट के तार पानीपत और हरियाणा तक फैले हुए थे।
