Jharkhand Protest: सरकार और छात्रों के बीच बातचीत रही बेनतीजा! स्टूडेंट्स के अल्टीमेटम से हलचल तेज, जानें सबकुछ

Jharkhand Protest: झारखंड में भर्ती परीक्षाओं से जुड़ी मांगों को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है।

Jharkhand Protest

फाइल फोटो

Jharkhand Protest: झारखंड में भर्ती परीक्षाओं से जुड़ी मांगों को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। सरकार और प्रदर्शनकारी छात्रों के बीच बातचीत का दौर शुरू होने के बावजूद अभी तक किसी ठोस समाधान पर सहमति नहीं बन पाई है। ऐसे में छात्रों के रुख और उनके अल्टीमेटम ने सरकार के सामने नई चुनौती खड़ी कर दी है। सरकार की तरफ से लगातार छात्रों से बातचीत जारी है। वहीं सरकार से मिले छात्रों का कहना है कि हेमंत सोरेन सरकार ने उनकी सारी बातें अच्छे से सुनी है। हालांकि छात्रों ने साफ तौर पर कह दिया है कि अगर उनकी बातें नहीं मानी जाती है तब तक उनका आंदोलन जारी है। चलिए आपको बताते है इससे जुड़ी सभी अहम जानकारी।

छात्र नेता रविंद्र पासवान ने दिया अल्टीमेटम 

एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में झारखंड के छात्र नेता रवींद्र पासवान ने कहा, “सरकारी प्रतिनिधिमंडल ने हमारी मांगों को बहुत ध्यान से सुना और हमें भरोसा दिलाया कि वे हमारी मांगों को मुख्यमंत्री के सामने विचार के लिए रखेंगे और बातचीत के अगले दौर के लिए हमें बुलाएंगे। क्या आपको पता है कि आज सरकार की तरफ़ से क्या हुआ? दिन भर जो कुछ भी हुआ, उससे हम बहुत नाराज़ हैं।

झारखंड के अलग-अलग ज़िलों के छात्र और युवा ‘JPSC-JSSC रिफ़ॉर्म्स मंच’ के बैनर तले अपने अधिकारों के लिए पिछले 15 दिनों से अनिश्चितकालीन विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। लेकिन, कल बातचीत करने और अपनी सभी मांगें सौंपने के बाद, सरकार ने चालबाज़ी शुरू कर दी है। इसके बजाय, उन्होंने लगभग छह-सात अलग-अलग संगठनों से ज्ञापन स्वीकार कर लिए।”

राज्य सरकार ने अन्य छात्र संगठनों से की बातचीत

जानकारी के मुताबिक सरकार की पांच सदस्यीय समिति, जिसमें राज्य के मंत्री भी शामिल थे, ने सबसे पहले JLKM नेता देवेंद्र नाथ महतो के नेतृत्व वाले प्रदर्शनकारियों के गुट से मुलाकात की; इस मुद्दे पर महतो का अनशन सातवें दिन भी जारी रहा। इसके बाद उन्होंने कांग्रेस समर्थित NSUI, ACS और JCM के प्रतिनिधिमंडलों से अलग-अलग मुलाकात की। शुक्रवार रात को सरकार ने JPSC/JSSC रिफॉर्म्स मंच के प्रतिनिधिमंडल के साथ भी इसी तरह की बातचीत की थी। हालांकि आंदोलन कर रहे छात्रों का साफ कहना है कि उनकी जब तक मांगे पूरी नहीं होगी तब तक वह लोग आंदोलन करते रहेंगे।

Exit mobile version