AI in India: इंडिया में एआई यानी आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस की मार्केट काफी तेजी से आगे बढ़ रही है। बीते साल कई नए स्टार्टअप्स और एआई इनोवेशन ने मार्केट में एंट्री ली। हालांकि, फिर भी कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि इंडिया की टेक इंडस्ट्री अभी भी अमेरिका और चीन के मुकाबले काफी पीछे है। मगर इसका जवाब अब भारत के केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसका खंडन किया। बता दें कि स्विट्जरलैंड के दावोस में डब्ल्यूईएफ यानी वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की सालाना मीटिंग के मौके पर आईटी मंत्री ने भारत की एआई ग्रोथ पर बड़ी जानकारी साझा की।
AI in India: भारत एआई सेक्टर में दुनिया के लिए साबित होगा भरोसमंद साथी
दावोस में डब्ल्यूईएफ के दौरान केंद्रीय आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, ‘भारत एक पूरा सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम बना रहा है, जिसमें डिजाइन, फैब्रिकेशन, पैकेजिंग, मटीरियल, गैस और इक्विपमेंट शामिल हैं। ग्लोबल इंडस्ट्री भारत को एक भरोसेमंद सप्लाई-चेन पार्टनर के तौर पर देख रही है। गूगल भारत के AI इकोसिस्टम के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को मजबूत कर रहा है, जिसमें विजाग में $15 बिलियन का AI डेटा सेंटर और भारतीय स्टार्टअप्स के साथ पार्टनरशिप शामिल है।’
इंडिया में एआई तेजी से पसार रहा है अपने पैर
अश्विनी वैष्णव ने कहा, ‘इंडिया दुनिया के लिए एक भरोसमंद पार्टनर है। भारत में कई नए स्टार्टअप्स स्टार्ट हो रहे हैं, जोकि अनोखे तरीके अपना रहे हैं। इसमें एक ऐसा स्टार्टअप भी शामिल है, जिसने साउंड-टू-साउंड एआई मॉडल बनाने के लिए टेक्स्ट को पूरी तरह से छोड़ दिया है।’ उन्होंने आगे कहा, ‘केंद्र सरकार की तरफ से, हम निश्चित रूप से उन सभी राज्यों का स्वागत करते हैं, जो इसमें हिस्सा लेना चाहते हैं और हम उन्हें इस पूरी चीज का हिस्सा बनने में मदद करते हैं। हम उन्हें बिजनेस लीडर्स और दूसरे लीडर्स के साथ सही तरह की मीटिंग्स करने में भी मदद करते हैं।’
भारी निवेश से इंडिया की एआई मार्केट में आएगा बूस्ट
गौरतलब है कि बीते साल दुनिया की कई बड़ी टेक कंपनियों ने भारत की एआई मार्केट में ग्रोथ को देखते हुए अरबों डॉलर का निवेश करने का ऐलान किया था। इसमें गूगल, माइक्रोसॉफ्ट, अमेजन और मेटा जैसी अमेरिका दिग्गज टेक कंपनियों के नाम शुमार हैं। इंडिया में डेटा सेंटर्स और एआई का बदलता हुआ ढांचा दुनिया को आकर्षित कर रहा है। जानकारी के मुताबिक, गूगल 15 बिलियन डॉलर, अमेजन 35 बिलियन, माइक्रोसॉफ्ट 17.5 बिलियन डॉलर का निवेश भारत में करने का ऐलान किया था। इतने बड़े निवेश के बाद भारत में रोजगार के ढेर सारे नए अवसर भी पैदा हो सकते हैं। ऐसे में इंडिया दुनिया के एआई इकोसिस्टम में बड़ा बदलाव ला सकता है।





