Anthropic AI: टेक मार्केट में पहले से ही एआई यानी आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस को लेकर कोहराम मचा हुआ है। दुनियाभर के कई टेक दिग्गज पहले ही एआई की बढ़ती क्षमता और इससे होने वाले संभावित खतरे को लेकर आगाह कर चुके हैं। हालांकि, फिर भी भारत समेत पूरे वर्ल्ड में एआई को लेकर रेस जारी है और कई प्रमुख एआई कंपनियां अपने एडवांस एआई वर्जन पेश कर रही है। इसी बीच एआई सेक्टर में धूम मचाने वाले अमेरिकी एआई कंपनी एंथ्रोपिक एआई के सुरक्षा मुखिया मृणांक शर्मा ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। साथ ही एक चौंकाने वाला बयान भी दिया। ऐसे में एआई मार्केट में हंगामा मच गया।
Anthropic AI के सेफ्टी मुखिया ने क्यों दिया अपने पद से इस्तीफा
बता दें कि मृणांक शर्मा के ऊपर ही एंथ्रोपिक एआई मॉडल को सुरक्षित बनाने की जिम्मेदारी थी। ऐसे में उसी व्यक्ति ने अपना पद छोड़कर एआई मार्केट में हंगामा मचा दिया। एआई कंपनी में इतने बड़े पद से इस्तीफा दिया, यह बड़ी खबर नहीं है, मगर मृणांक शर्मा ने अपना पद छोड़ते हुए जो कहा, उसकी पूरे एआई गलियारे में काफी चर्चा है।
एंथ्रोपिक एआई की सुरक्षा प्रमुख की जिम्मेदारी संभाल रहे मृणांक शर्मा ने कहा, ‘अब आगे बढ़ने का समय है, दुनिया खतरे में है, सिर्फ एआई से नहीं, बल्कि इस समय सामने आ रहे कई तरह के आपस में जुड़े संकटों की वजह से।’ जैसे ही नामी एआई कंपनी के सेफ्टी हेड ने यह बयान दिया, तो एआई मार्केट में एक अलग तरह ही चर्चा जोरो से शुरू हो गई। क्या वाकई एआई के कारण दुनिया खतरे में है?
एंथ्रोपिक एआई के मृणांक शर्मा ने इन खतरों की ओर किया इशारा
अगर किसी एआई कंपनी का सुरक्षा हेड ही एआई के खतरे की तरफ इशारा कर रहा है, तो मामला काफी गंभीर नजर आता है। कई रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि एंथ्रोपिक एआई के सेफ्टी प्रमुख मृणांक शर्मा ने तकनीकी क्षमता और मानवीय समझ के बीच बढ़ते अंतर को लेकर खतरा व्यक्त किया है। एआई की पावर तो बढ़ रही है, मगर लोगों की समझ में कमी आ रही है। इंसानों को मानवीय, नैतिक और दार्शनिक बुद्धिमत्ता की आवश्यकता है, नहीं तो परिणाम गंभीर हो सकते हैं।
हालांकि, मृणांक शर्मा ने एआई के नियमों को तोड़ने या जानबूझकर न मानने को लेकर सीधे तौर पर एंथ्रोपिक समेत किसी भी कंपनी का नाम नहीं लिया है। मगर उन्होंने भावनात्मक और सांस्कृतिक चिंताओं को लेकर अपना पक्ष रखा है। बताया जा रहा है कि उन्होंने एआई के गलत इस्तेमाल, फर्जी जानकारी की भरमार, अधिक तेजी से एडवांस होते एआई मॉडल और लोगों की सुरक्षा और प्राइवेसी में कमी जैसी चिंताओं की ओर संकेत किया है।
