OpenAI ChatGPT: कुछ भी काम होता है, तो सबसे पहले लोग चैटजीपीटी पर जाते हैं। प्लेटफॉर्म पर लगातार यूजर्स का भरोसा बढ़ रहा है। ऐसे में ओपनएआई यूजर्स को बेहतर सर्विस और सेफ्टी देने के लिए लगातार काम कर रहा है। जैसे-जैसे ओपनएआई चैटजीपीटी का यूज बढ़ रहा है, वैसे-वैसे इस पर खतरा भी बढ़ रहा है। ऐसे में टेक कंपनी ने इस पर 2 नए सुरक्षा फीचर्स को शामिल करने की घोषणा की है। अमेरिकी टेक कंपनी ने नए फीचर्स का नाम लॉकडाउन मोड और एलिवेटेड रिस्क लेबल रखा है। ऐसे में यूजर्स को संभावित सिक्योरिटी रिस्क से निजात मिल सकती है।
OpenAI ChatGPT के नए फीचर्स से बदल जाएगा यूजर एक्सपीरियंस
अमेरिकी टेक कंपनी ओपनएआई ने अपने आधिकारिक ब्लॉग के जरिए बताया, ‘यह अपडेट प्रॉम्प्ट इंजेक्शन अटैक के चांस को कम करने और यूजर्स को उन टूल्स के बारे में साफ जानकारी देने पर फोकस करता है, जिनमें एक्स्ट्रा सिक्योरिटी रिस्क हो सकते हैं।’ बता दें कि ओपनएआई का चैटजीपीटी अब तक कई वेब और थर्ड-पार्टी ऐप्स के साथ इंटीग्रेट हो चुका है। ऐसे में प्लेटफॉर्म पर सिक्योरिटी का माहौल बदल गया है। एक बढ़ती चिंता प्रॉम्प्ट इंजेक्शन है, जिसमें अटैकर एआई सिस्टम को धोखा देकर सेंसिटिव डेटा दिखाने या गलत इंस्ट्रक्शन फॉलो करने की कोशिश करते हैं।
ओपनएआई चैटजीपीटी के नए फीचर्स कैसे पहुंचाएंगे फायदा
टेक कंपनी ओपनएआई के मुताबिक, लॉकडाउन मोड, एक सिक्योरिटी सेटिंग है, जो अधिक रिस्क वाले यूजर्स, जैसे कि बड़े ऑर्गनाइजेशन में एग्जीक्यूटिव या सिक्योरिटी टीम के लिए है। यह चैटजीपीटी के बाहरी सिस्टम के साथ इंटरैक्ट करने के तरीके पर और अधिक सख्त लिमिट जोड़ता है। इस फीचर के ऑन होने पर कुछ टूल्स और फीचर्स लिमिटेड या पूरी तरह से डिसेबल हो जाते हैं, ताकि सेंसिटिव डेटा के सामने आने का चांस कम हो सके।
उधर, एलिवेटेड रिस्क लेबल सेफ्टी फीचर उन फीचर्स को दिखाने के लिए हैं, जिनके लिए एक्स्ट्रा नेटवर्क एक्सेस की जरूरत होती है या जिनमें अधिक डेटा एक्सपोजर हो सकता है। यूजर्स असिस्टेंट को इंटरनेट एक्सेस देना चुन सकते हैं ताकि वह डॉक्यूमेंटेशन देख सके या वेबसाइट्स के साथ इंटरैक्ट कर सके। जब ऐसा एक्सेस चालू होता है, तो सेटिंग्स स्क्रीन पर एक एलिवेटेड रिस्क लेबल दिखेगा, जो बताएगा कि क्या बदलाव और क्या रिस्क शामिल हैं।





