PM Kisan Yojana: देशभर के करोड़ों किसानों के लिए PM Kisan Yojana से जुड़ी बड़ी अपडेट सामने आ रही है। केंद्र सरकार जल्द ही योजना की 23वीं किस्त जारी कर सकती है। ऐसे में किसानों के खाते में 2000 रूपये की राशि आने से पहले कुछ जरूरी काम पूरे करना बेहद आवश्यक हो गया है।
यदि किसान समय रहते इन कार्यों को पूरा नहीं करते हैं, तो उन्हें अगली किस्त का लाभ नहीं मिल पाएगा। बता दें कि हर बार लाखों की संख्या में ऐसे अन्नदाता होते है, उनकी एक गलती से इस योजना का लाभ उन्हें नहीं मिल पाता है। चलिए आपको बताते है इससे जुड़ी सभी अहम जानकारी।
कब जारी होगी PM Kisan Yojana की 23वीं किस्त
बता दें कि केंद्र सरकार की तरफ से अन्नदाताओं के लिए एक योजना चलाई जाती है, जिसके तहत उन्हें हर साल 6 हजार रूपये की धनराशि दी जाती है। हालांकि यह तीन चरणों में 2000-2000 रूपये करके दी जाती है। वहीं अब खबर सामने आ रही है कि जल्द ही सरकार की तरफ से 23वीं किस्त जारी की जा सकती है,
क्योंकि 22वीं किस्त जारी किए हुए काफी समय हो गया है। हालांकि तारीख को लेकर अभी तक किसी प्रकार की जानकारी तो सामने नहीं आई है, लेकिन माना जा रहा है कि जल्द ही किसानों को इसका लाभ मिल सकता है।
इन कारणों से रूक सकता है योजना का पैसा
तुरंत करवाएं ई-केवाईसी – अगर आपने अभी तक ई-केवाईसी नहीं करवाई है या फिर आपको याद नहीं है तो आपको तुरंत इसको करवा लेना चाहिए। अगर ई-केवाईसी नहीं होती है तो हो सकता है कि 2000 रूपये की धनराशि अन्नदाता के खाते में ना पहुंचे। दरअसल आपको अपना आधार से मोबाइल नंबर और अकाउंट लिंक करवाना होता है। इसी प्रक्रिया को पूरा करने के लिए ई-केवाईवसी कराई जाती है। इस प्रक्रिया को बैंक में या फिर किसी भी ग्राहक केंद्र पर करवा सकते है।
लैंड वेरिफिकेशन कराना अनिवार्य – अगर आप PM Kisan Yojana के पात्र है और आपने अभी तक लैंड वेरिफिकेशन नहीं करवाया है तो आपको ये काम तुरंत करवा लेना चाहिए, ताकि जब इसकी जांच की जाए तो पता चल सके कि आपका खेत उपजाऊ है और उसपर खेती होती है। इस प्रक्रिया को भी पूरी नहीं करने पर कई बार इस योजना का पैसा रूक जाता है।
डीबीटी जरूर चेक कर लें – बता दें कि PM Kisan Yojana के तहत सरकार की तरफ से किसानों के खाते में डीबीटी यानि डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर किया जाता है। हालांकि कई बार बैंक की तरफ से इस प्रक्रिया को पूरा नहीं किया जाता है। यही कारण है कि बड़ी संख्या में किसानों के खाते में योजना की राशि नहीं आती है।
