Delhi Pollution: राष्ट्रीय राजधानी में रहने वाले लोगों के लिए सबसे बड़ा खतरा एक बार फिर हवा की गुणवत्ता बनी है। जहां यह इस मौसम में पहली बार खराब श्रेणी में आ चुकी है। दशहरे से पहले यह 179 मापा गया था लेकिन अभी 244 से 245 के स्तर पर पहुंचने के साथ ही लोगों के लिए मुश्किलें बढ़ाने वाली है। कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट ने दिल्ली पॉल्यूशन को लेकर ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान का पहला चरण लागू कर दिया है। जहां लोगों को कई पाबंदियां का सामना करना पड़ सकता है। आइए जानते हैं इस सबके बीच क्या है पूरी खबर।
जानिए प्रदूषण पर रोक लगाने के लिए क्या है तैयारी
साथ ही दिल्ली मे दमघोंटू हवा और धूल को नियंत्रित करने के लिए सख्त नियम, वाहनों की जांच, खुले में कचरा जलाने पर रोक और तंदूर में कोयला या लकड़ी के इस्तेमाल पर पूर्ण पाबंदी लगाई गई है। मशीनों से सड़कों की सफाई और पानी का छिड़काव पर भी जोड़ दिया जाएगा। इस दौरान हवा के खराब होने के बावजूद स्कूल और दफ्तर खुले रहेंगे। दिवाली और सर्दी करीब आने और पराली जलाने की घटनाओं के कारण हालात और भी बिगड़ सकते हैं। ऐसे में घर से बाहर निकालने और पर्सनल गाड़ी इस्तेमाल न करने की सलाह दी जा रही है। जहां तक हो सके सार्वजनिक वाहन का ही उपयोग करने के लिए कहा गया है।
Delhi Pollution को लेकर क्या है आने वाले समय में खतरा
वहीं रिपोर्ट में बताया जा रहा है कि कि हालात पर कंट्रोल नहीं किए गए तो यह आने वाले महीने में 2 गुना हो सकता है क्योंकि आगे दिवाली का त्यौहार भी आने वाला है। इसके बाद एयर क्वालिटी काफी बदत्तर हो जाती है और यह लोगों के लिए मुश्किलें बढ़ाने के लिए काफी है। दमघोंटू हवा की वजह से लोगों में अलग-अलग समस्याएं हो सकती है। सांस की बीमारियां और इंफेक्शन का खतरा काफी हद तक बढ़ सकता है। ऐसे में जहां तक हो सके घर से बाहर निकलने से परहेज करें। वही तापमान के गिरावट के साथ हवा और खराब स्थिति में पहुंच सकती है।







