Satya Niketan Building Collapse: धूल का खौफनाक गुब्बारा और चौतरफा चीख-पुकार, 6 की मौत के बाद सीएम रेखा गुप्ता बोली ‘स्ट्रिक्ट एक्शन लेंगे…’

Satya Niketan Building Collapse: 6 मासूम की जान अब तक जा चुकी है और बहुमिंजुला इमारत ढहने को लेकर स्ट्रिक्ट हुई सीएम रेखा गुप्ता ने आखिर क्या कहा है आइए जानते हैं पूरी खबर डिटेल्स में क्या है। कैसे हर तरफ धूल ही धूल दिखाई दे रही है।

Satya Niketan Building Collapse

Photo Credit- Google Satya Niketan Building Collapse

Satya Niketan Building Collapse: पीजी बिल्डिंग में रोज की तरह चहल-पहल थी जहां स्टूडेंट अपने-अपने दिनचर्या में व्यस्त थे लेकिन उन्हें नहीं पता था कि कुछ ही देर में उनकी जिंदगी में कुछ ऐसा होगा जो न सिर्फ उन्हें बल्कि उनके परिवार को भी तोड़ कर रख देगा। जी हां हम बात कर रहे हैं सत्य निकेतन पीजी बिल्डिंग की जो पलक झपकते ताश के पत्तों की तरह ढह गई। किसी ने भी इस बारे में सोचा भी नहीं था चारों तरफ सिर्फ धूल और चीख पुकार सुनाई दी। फिलहाल बचाव गाड़ी जारी है लेकिन 6 की मौत की खबर सामने आई है। वहीं इस सब के बीच आखिर दिल्ली की मुख्यमंत्री सीएम रेखा गुप्ता ने क्या कहा है। आइए जानते हैं पूरी खबर डिटेल्स में।

दिल्ली की घटना से कई राज्यों में मायूसी और सन्नाटा

सोशल मीडिया पर सीसीटीवी फुटेज सामने आ रहा है जिसमें देखा जा सकता है कि सत्य निकेतन बिल्डिंग कॉलेप्स किस कदर भयावह था जिसने 6 मासूम की जान ले ली है। वीडियो में हर तरफ धूल ही धूल दिखाई दे रहे हैं और लोगों के बीच अफरातफरी मची हुई है। इस वजह से दिल्ली में कई जगहों पर ट्रेफिक एडवाइजरी भी जारी की गई है। दिल्ली यूनिवर्सिटी के साउथ कैंपस में पढ़ने वाले स्टूडेंट के लिए यह एक सस्ता ठिकाना था जहां अलग-अलग राज्यों से आकर स्टूडेंट्स अपनी पढ़ाई करते थे। सत्य निकेतन पीजी बिल्डिंग में रहने वाले स्टूडेंट के माता-पिता को जानकारी दे दी गई है

Satya Niketan Building Collapse ने मचाया हड़कंप

रिपोर्ट के मुताबिक बिल्डिंग कॉलेप्स में 11 मरीजों में से 6 की मौत हो चुकी है जहां 5 मौके पर तो एक को गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया था जिसने दम तोड़ दिया। इसके अलावा 3 मरीजों को भर्ती किया गया है एक के हाथ पैर की सर्जरी तो एक को मामूली चोट आई है। रविवार को दोपहर 1:30 बजे दिल्ली यूनिवर्सिटी के साउथ कैंपस के पास सत्य निकेतन बिल्डिंग कॉलेप्स हुआ। रिपोर्ट के मुताबिक उस समय बेसमेंट एरिया में मरम्मत का काम चल रहा था।

क्या है सत्य निकेतन बिल्डिंग कॉलेप्स के बाद नया नियम

इस मामले में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता एक्शन में आ गई है और उनके मुताबिक अधिकारियों के साथ मिलकर एक पॉलिसी का ड्राफ्ट बना रहे हैं, जिसके तहत बिल्डिंग्स—चाहे वे 20, 30, या 40 साल पुरानी हों—को एक स्ट्रक्चरल ऑडिट रिपोर्ट जमा करनी होगी और अपनी सेफ्टी सर्टिफ़ाई करनी होगी। इसके बिना, उन्हें उस जगह पर कोई भी पब्लिक सर्विस या फैसिलिटी—चाहे वह PG अकोमोडेशन हो, नर्सिंग होम हो, स्कूल हो, या कोई और एक्टिविटी—चलाने का कोई अधिकार नहीं होगा। इस बारे में सख़्त नियम लागू किए जाएंगे।

इस तरह अधिकारियों को सबक सिखाएंगी सीएम

वहीं सीएम रेखा गुप्ता ने सत्य निकेतन बिल्डिंग कॉलेप्स को लेकर कहा कि “जिन अधिकारियों की लापरवाही की वजह से यह हादसा हुआ, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा; उन्हें तुरंत सस्पेंड किया जाएगा… सभी अधिकारियों और म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन को सख़्त निर्देश दिए गए हैं; इसमें शामिल किसी भी अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा। आज ही सस्पेंशन ऑर्डर जारी किए जाएंगे। हम पूरी तरह से इन स्टूडेंट्स के साथ हैं। हमने म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन को साफ़ निर्देश दिए हैं कि किसी भी स्टूडेंट को कोई परेशानी न हो। हम सरकार की तरफ़ से सभी सुविधाएं देंगे।”

सत्य निकेतन बिल्डिंग कॉलेप्स पर सीएम रेखा गुप्ता ने दिया लेटेस्ट अपडेट

इसके साथ ही सीएम रेखा गुप्ता ने यह भी कहा कि “80% मलबा हटा दिया गया है; सिर्फ़ बेसमेंट का मलबा बचा है। यह पक्का है कि बेसमेंट में पानी था, और पानी जमा होने और पुराने स्ट्रक्चर पर चल रहे रिपेयर के काम की वजह से बिल्डिंग गिर गई। बच्चों को सही मेडिकल ट्रीटमेंट मिल रहा है। यह मामला हमारे हेल्थ मिनिस्टर, जेपी नड्डा की सीधी पर्सनल देखरेख में भी है। केंद्रीय गृह मंत्री स्थिति पर करीब से नज़र रख रहे हैं, और हमें प्रधानमंत्री से भी गाइडेंस मिल रही है… किसी भी खतरनाक बिल्डिंग को बख्शा नहीं जाएगा।”

 

फिलहाल सोशल मीडिया पर सत्य निकेतन बिल्डिंग कॉलेप्स को लेकर लोगों के बीच हड़कंप मचा हुआ है।

 

 

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