Mamata Banerjee: पश्चिम बंगाल में आए चुनाव नतीजे के बाद से ही राजनीति पूरी तरह से गरमाई हुई है। वहीं हाल ही में टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी पर पर हुए हमले के बाद Mamata Banerjee पूरी तरह से गुस्से में है। वह बीजेपी को लगातार खरी-खोटी सुना रही है। इसी बीच बीते दिन उन्होंने टीएमसी विधायकों की बैठक बुलाई थी।
सूत्रों के मुताबिक जिसमे करीब 60 विधायक नदारद थे। वहीं कई तरह के सवाल खड़े हो रहे है कि क्या टीएमसी पार्टी खत्म हो जाएगी। वहीं अब दीदी अभिषेक बनर्जी के खिलाफ हुए हमले को लेकर सड़क पर विरोध प्रदर्शन करेंगी। हालांकि पुलिस की तरफ उन्हें अनुमति नहीं दी गई है।
क्या खत्म हो जाएगी टीएमसी पार्टी
चुनाव के नतीजे आने के बाद से ही टीएमसी पार्टी में अनबन देखने को मिल रही है। Mamata Banerjee द्वारा बुलाई गई बैठकों में हर बार बड़ी संख्या में विधायक नदारद रहे। जिसके बाद कई तरह के सवाल खड़े हो रहे है कि क्या टीएमसी में सबकुछ ठीक नहीं है और क्या पार्टी में जल्द ही दो फाड़ देखने को मिल सकता है।
गौरतलब है कि अभिषेक बनर्जी पर कथित तौर पर हुए हमले के बाद दीदी ने विधायकों की बैठक बुलाई थी, लेकिन करीब 60 विधायक इस बैठक में नहीं पहुंचे थे। हालांकि इसके बावजूद एक बार फिर पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ने सड़कों पर उतरने का फैसला किया है और सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करेंगी।
जानकारी के मुताबिक दीदी ने मंगलवार को दोपहर 1 बजे रानी रशमोनी रोड पर धरना देने के लिए पुलिस को आवेदन दिया था, लेकिन प्रशासन ने इजाजत नहीं दी। इसके बाद भी ममता Mamata Banerjee धरना करने की बात कह रही है।
मुख्यमंत्री बनते ही एक्शन में दिखे सुभेंदु अधिकारी
पश्चिम बंगाल की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के तुरंत बाद सुभेंदु अधिकारी एक्शन मोड में नजर आए। पद संभालते ही उन्होंने प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने, कानून-व्यवस्था में सुधार लाने और विकास परियोजनाओं की समीक्षा करने के निर्देश दिए।
नई सरकार ने बुनियादी ढांचे, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्रों में चल रही परियोजनाओं की समीक्षा शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता से किए गए वादों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा और विकास कार्यों में किसी प्रकार की देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। साथ ही टीएमसी के गुंडों पर भी लगातार एक्शन जारी है।






