Ujjwala Yojana धारकों को बड़ा झटका! मीडिल ईस्ट तनाव के बीच एलपीजी सिलेंडर में कटौती से घबराए लाभार्थी, जानें सबकुछ

Ujjwala Yojana: मीडिल ईस्ट में जारी संकट अब भारत में तेजी से देखने को मिल रहा है। इसी बीच केंद्र सरकार की तरफ से एक अहम फैसला लिया गया है।

Ujjwala Yojana

फाइल फोटो

Ujjwala Yojana: मीडिल ईस्ट में जारी संकट का असर अब भारत में तेजी से देखने को मिल रहा है, जिसने टेंशन बढ़ा दी है। पेट्रोल-डीजल के दामों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है, तो वहीं एलपीजी गैस सिलेंडर के दामों में तेजी देखी गई है। इसी बीच अब Ujjwala Yojana नियमों में केंद्र सरकार की तरफ से एक बड़ा फेरबदल किया गया है।

आपक बता दें कि 2016 में शुरू हुई इस योजना के तहत धारकों को 300 रूपये की धनराशि कम देनी होती थी। सरकार ने पहले 12 से 9 सिलेंडर किया और अब केवल धारकों को 4 सिलेंडर पर ही सब्सिडी मिलेगी। यानि शुरू के 4 सिलेंडर पर अब लाभार्थियों को सब्सिडी के तहत 300 रूपये मिलेगा। उसके बाद उन्हें 943 रूपये ही देने होंगे।

Ujjwala Yojana धारकों को बड़ा झटका

बीते दिन यानि सोमवार को केंद्र सरकार की तरफ से Ujjwala Yojana वाले एलपीजी सिलेंडर की संख्या में कटौती की गई है। अब इस योजना के लाभार्थियों को केवल 4 सिलेंडर ही दिए जाएंगे जिसपर सब्सिडी मिलेगी। बता दें कि पहले सिलेंडर की संख्या 9 थी। मालूम हो कि 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी के बाद यह फैसला लिया गया है। माना जा रहा है कि इस फैसले से करीब 10 करोड़ के अधिक लाभार्थियों पर इसका असर पड़ेगा।

हिंदुस्तान पेट्रोलियम ने दी अहम जानकारी

हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा कि “वैश्विक ऊर्जा बाज़ार में उतार-चढ़ाव के बावजूद, हर घर तक रसोई गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करना हमारी प्राथमिकता है। होर्मुज़ क्षेत्र में आपूर्ति प्रभावित होने के बाद अंतरराष्ट्रीय LPG कीमतों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई, फिर भी भारत में 14.2 किलोग्राम घरेलू LPG सिलेंडर की खुदरा कीमत ₹942 पर निर्धारित है।

उज्ज्वला लाभार्थियों को पहली 4 रिफिल पर ₹300 प्रति सिलेंडर की सहायता मिल रही है, जिससे उनकी प्रभावी कीमत ₹642 प्रति सिलेंडर हो जाती है। हर परिवार तक स्वच्छ, सुरक्षित और किफायती ऊर्जा पहुँचाने की दिशा में HPCL निरंतर प्रतिबद्ध है”। माना जा रहा है कि इस फैसले से करोड़ों परिवारों पर इसका असर पड़ सकता है।

 

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