CM Yogi Adityanath: उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में 3567 पदों पर चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति-पत्र प्रदान किया गया। लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में सीएम योगी आदित्यनाथ भी शामिल हुए। उन्होंने इस दौरान कहा कि 2017 से पहले परीक्षा ना पास करने के बाद भी नियुक्ति पत्र बांट दिया जाता था लेकिन आज निष्पक्ष एवं पारदर्शी तरीके से न सिर्फ एग्जाम हो रहा है बल्कि हर तरह से लोगों को सुविधा प्रदान की जा रही है। उनके टैलेंट के दम पर नौकरी मिल सके और यही वजह है कि उत्तर प्रदेश में रोजगार की संख्य बढ़ने के साथ ही अवसर के द्वार भी खुले हैं।
अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में चयनित 3567 कर्मियों को मिला नियुक्ति पत्र
निष्पक्ष एवं पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के अंतर्गत आज लखनऊ में उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों के लिए चयनित 3,567 प्रधानाचार्य/प्रधानाध्यापक/प्रवक्ता (PGT)/सहायक अध्यापक (TGT) अभ्यर्थियों को नियुक्ति-पत्र वितरित किया।
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— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) September 22, 2026
सीएम योगी ने इसे लेकर जानकारी देते हुए कहा था कि “लखनऊ में निष्पक्ष एवं पारदर्शी चयन प्रक्रिया से अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में चयनित 3,567 प्रधानाचार्यों/प्रधानाध्यापकों, प्रवक्ताओं (PGT) व सहायक अध्यापकों (TGT) को नियुक्ति-पत्र प्रदान किए जाएंगे। युवाओं के सपनों को साकार करता यह अवसर उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था और उज्ज्वल भविष्य को नई ऊर्जा प्रदान करेगा। सभी चयनित अभ्यर्थियों को बधाई एवं उज्ज्वल भविष्य हेतु शुभकामनाएं।”
कैसे सीएम योगी आदित्यनाथ बना रहे शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़
इस दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ का कहना है कि वर्ष 2017 के पहले जो एप्लिकेंट भी नहीं होता था, उसको नियुक्ति-पत्र वितरित कर दिया जाता था… यह बेईमानी और भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा थी। अवसरों के खुले द्वार और रोजगार से यूपी में नया निखार पहल पर मुख्यमंत्री के नेतृत्व में मिशन रोजगार के तहत उत्तर प्रदेश में युवाओं को रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराने के साथ ही शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं गुणवत्तापूर्ण बनाने की दिशा में निरंतर प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।
जाहिर तौर पर निष्पक्ष चयन प्रक्रिया से लाखों युवाओं के सपने साकार हुए हैं और उन्हें घुसखोरी या पैसे के बल पर नौकरी प्रदान नहीं किया जा रहे हैं जो योगी सरकार की सफलता को बयां करती है।







