Ram Mandir Dan Chori: यूपी में विधानसभा चुनाव से पहले अयोध्या की सियासत पूरी तरह से गरमा गई है। गौरतलब है कि Ram Mandir Dan Chori मामले में एसआईटी की रिपोर्ट के बाद एफआईआर दर्ज कर ली गई है। बता दें कि ट्रस्ट के लोगों पर कथित तौर पर कई तरह के गंभीर आरोप लग रहे है।
जिसमे पैसा, आभूषण चोरी मामला शामिल है। जानकारी के मुताबिक चंदा चोरी मामले में कथित तौर पर गड़बड़ियां पाई गई थी। जिसके बाद यूपी सरकार की तरफ से एसआईटी का गठन किया था। वहीं अब एसआईटी की रिपोर्ट आने के बाद से ही ताबड़तोड़ एक्शन लगातार जारी है। वहीं अब इस मामले में सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी अपनी तीखी प्रतिक्रिया दी है।
इन धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज
अयोध्या राम मंदिर चंदे में कथित हेराफेरी के मामले में BNS की धाराओं 306, 316(5), 317(4), 317(5), 61 और 3(5) के तहत FIR दर्ज की गई है। FIR में अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, अविनाश शुक्ला, टिन्नू यादव, मनीष यादव और अन्य के नाम शामिल हैं।
#WATCH | Ayodhya, UP: On the alleged Ayodhya Ram Mandir donations embezzlement case, an FIR has been registered under sections 306, 316(5), 317(4), 317(5), 61 and 3(5) of BNS. Anukalp Mishra, Lavkush Mishra, Avinash Shukla, Tinnu Yadav, Manish Yadav and others have been named in… pic.twitter.com/U8UomiXcYi
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) June 26, 2026
वहीं अब इस मामले में विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार ने कहा कि “मुझे इस बात से संतुष्टि है कि आरोप लगने के तुरंत बाद ही SIT बनाने की मांग उठी और ट्रस्ट ने खुद ऐसा किया।
#WATCH | Delhi | On the alleged Ayodhya Ram Mandir donations embezzlement case, International President, Vishva Hindu Parishad, Alok Kumar, says, “I am satisfied that immediately after the allegations were made, a demand was raised for the formation of an SIT, which was done by… pic.twitter.com/gjO7TjQosJ
— ANI (@ANI) June 26, 2026
जिस दिन आरोपियों के नाम सामने आए, उसी दिन उनके खिलाफ FIR दर्ज कर ली गई।”
सीएम योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर साधा निशाना
बता दें कि Ram Mandir Dan Chori मामले में विपक्ष लगातार यूपी सरकार पर तंज कस रही है। वहीं अब यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि एक पक्ष कहता था कि राम हैं ही नहीं यानी अयोध्या को भी ये लोग नकारना चाहते थे। लगातार न्यायालय में मुकदमा लड़ते रहे, वकीलों की फौज राम जन्मभूमि मंदिर के निर्माण के खिलाफ खड़ी करते रहे और दूसरा पक्ष वो है जो जय श्री राम बोलने पर लाठी और गोली चलाते थे।
भगवान राम का नाम लेने पर जो लोग गोली चलाते थे आज वे कहते हैं कि आस्था के साथ खिलवाड़ हुआ। अरे तुम हमें आस्था बताओगे? राम नवमी पर दंगा करवाते थे, श्री कृष्ण जन्मोत्सव को प्रतिबंधित करते थे, कांवड़ यात्रा को नहीं निकलने देते थे, दुर्गा पूजा में दंगा करवाते थे। याद कीजिए कांग्रेस ने देश को लूटा ही नहीं था, नोंचा था।
#WATCH | देवरिया, उत्तर प्रदेश | मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, “…एक पक्ष कहता था कि राम हैं ही नहीं यानी अयोध्या को भी ये लोग नकारना चाहते थे। लगातार न्यायालय में मुकदमा लड़ते रहे, वकीलों की फौज राम जन्मभूमि मंदिर के निर्माण के खिलाफ खड़ी करते रहे और दूसरा पक्ष वो है जो जय… pic.twitter.com/Rol7DUEhI9
— ANI_HindiNews (@AHindinews) June 26, 2026
बेइमानी और भ्रष्टाचार के जो कीर्तिमान स्थापित किए थे और वे लोग आज अयोध्या पर आक्षेप लगा रहे हैं? ये स्वीकार्य नहीं। सरकार की जो मंशा है, सरकार ने पहले दिन कहा कि दूध का दूध और पानी का पानी सभी के सामने आएगा।
लेकिन मैं फिर से अपील करूंगा कि राम भक्तों की अग्नि परीक्षा मत लो, उनकी आस्था के साथ खिलवाड़ करना बंद कीजिए। अगर तथ्य या प्रमाण नहीं है तो आरोप-प्रत्यारोप बंद करो और प्रमाण हैं तो SIT के सामने पेश करो।”
