आखिर क्यों Jaya Bachchan ने फिल्म स्टार्स को कहा ‘देश का राजपूत’, बोलीं- ‘उत्तर दक्षिण नहीं बल्कि पूरे भारत को मिला अवार्ड’

Jaya Bachchan: जया बच्चन एक बार फिर राज्यसभा में गुस्से में नजर आईं। उन्होंने 'नाटू नाटू' को अलग कहने वाले को लताड़ लगाकर कहा कि यह जीत भारत की जीत है। अपनी आवाज को बुलंद कर उन्होंने कहा कि फिल्म स्टार्स देश के प्रहरी हैं और वे राजदूत की भूमिका निभा रहे हैं।

Jaya Bachchan: किसी समय में बॉलीवुड में तहलका मचाने वाली जया बच्चन आज राज्यसभा सांसद के रूप में आए दिन चर्चा में रहती हैं। बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन की पत्नी को आए दिन गुस्से में देखा जाता है। उन्हें कई बार लोग सोशल मीडिया पर ट्रोल भी करते हैं लेकिन जया बुलंद आवाज की वजह से सुर्ख़ियों में होती हैं। एक बार फिर राज्यसभा में जया बच्चन गुस्से में नजर आई। इस दौरान वह ऑस्कर विनर गाना ‘नाटू नाटू’ को लेकर भिड़ती दिखाई दी। राज्यसभा में यह मुद्दा उठा कि क्या तेलुगु फिल्म ‘आरआरआर’ को बॉलीवुड और साउथ फिल्म के साथ मिक्स करना सही है। विरोधियों को जवाब देते हुए जया भड़क गईं। आइये जानते हैं क्या है पूरी खबर।

जया बच्चन ने बुलंद आवाज से कहीं ये बात

इस सवाल के जवाब में जया जब बोलना शुरू कर रही थी तो उन्हें एक सांसद ने रोकना चाहा। इस पर एक्ट्रेस उखड़ गयी और कहा, “अरे नीरज क्या-क्या बीच- बीच में।” बाद में उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने जया की तारीफ़ करते हुए कहा कि ”मैडम आपकी आवाज ही नहीं बुलंद आवाज है।” इस दौरान जया ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में ये ईस्ट, वेस्ट, नार्थ और साउथ नहीं होना चाहिए क्योंकि हम सब देश के लिए काम करते हैं और यह देश की जीत है।

देश के राजदूत हैं फिल्म इंडस्ट्री के कलाकार

जया बच्चन ने राज्यसभा में कहा कि फिल्म इंडस्ट्री के कलाकार देश के राजदूत हैं। उन्होंने कहा कि “मुझे खुशी है कि हम यहां देश के सबसे महत्वपूर्ण राजदूतों के बारे में बात कर रहे हैं। मैं बड़े गर्व और गरिमा के साथ कह सकती हूं कि इंडस्ट्री ने कई बार देश का मान बढ़ाया है और वे देश के प्रहरी हैं।” उन्होंने आगे आरआरआर के निदेशक एसएस राजामौली की तारीफ़ कर कहा कि वह एक बेहतरीन डायरेक्टर होने के साथ-साथ स्क्रिप्ट राइटर और राज्यसभा के सदस्य भी हैं।

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