Hair Care: अगर आपके बालों में भी डैंड्रफ लगातार बढ़ रही है और ट्रीटमेंट और महंगे शैम्पू से भी नहीं जा रही है, डॉक्टर तनय मिश्रा के द्वारा बताए जा रहे इन कारणों के बारे में जरुर जानें। वो इसकी असल वजह के साथ इसका उपाय बता रहे हैं। बालों की जड़ों में जब रूसी जमा हो जाती है तो बालों का रफ होना और टूटना बेहद आम हो जाता है। कुछ लोगों में तो गंजेपन की स्थिति भी पैदा हो सकती है। डॉक्टर का कहना है कि, डैंड्रफ स्कैल्प पर होने वाले एक फंगल ओवरग्रोथ और तेल के असंतुलन के कारण होती है। बहुत से लोग इसे केवल ड्राई स्किन समझकर बार-बार तेल लगाते हैं, जो इसे और बढ़ा देता है।
बालों में क्यों होती है डैंड्रफ?
डॉक्टर तनय मिश्रा बालों में डैंड्रफ होने के मुख्य कारण बता रहे हैं। उनका कहना है कि, मेलेसेज़िया फंगस यह हर व्यक्ति के स्कैल्प पर प्राकृतिक रूप से मौजूद होता है। लेकिन जब स्कैल्प पर ऑयल ज्यादा बनता है, तो यह फंगस तेजी से बढ़ने लगता है और त्वचा की परतें पपड़ी बनकर झड़ने लगती हैं। वहीं, तैलीय त्वचा वाले लोगों में डैंड्रफ होने की संभावना ज्यादा होती है।
सल्फेट, अल्कोहल या तेज केमिकल वाले शैम्पू और हेयर स्टाइलिंग जेल भी बालों की जड़ों को नुकसान पहुंचाते हैं और रुसी को पैदा करते हैं। बालों को नियमित रूप से न धोना या शैम्पू को ठीक से स्कैल्प से साफ न करना भी इसका एक प्रमुख कारण है। अत्यधिक तनाव शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को कम करता है, जिससे डैंड्रफ ट्रिगर हो सकता है। इन सभी कारणों से बालों के अंदर रूसी हो सकती है।
बालों से रूसी कैसे हटाएं?
हेल्थ एक्सपर्ट का कहना है कि, बालों से अगर रूसी को निकालना चाहते हैं तो ऐसे शैम्पू चुनें जिनमें केटोकोनाज़ोल , जिंक पाइरिथियोन या सैलिसिलिक एसिड हो। वहीं, शैम्पू को सिर्फ बालों पर नहीं बल्कि स्कैल्प पर लगाएं और धोने से पहले 5 से 8 मिनट तक लगा रहने दें। जिन लोगों के बालों की जड़े काफी ऑयली हैं, उन्हें रोजाना सिर धोना चाहिए। डैंड्रफ होने पर बालों में घंटों या रातों तक भारी तेल लगाकर न छोड़ें, क्योंकि यह फंगस का खाना बढ़ा देता है। इसके साथ ही अपनी डाइट में अधिक पानी के साथ जिंक, ओमेगा-3 फैटी एसिड और विटामिन को जरुर बढ़ाएं।
Disclaimer: यह लेख और इसमें दी गई चिकित्सीय परामर्श केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से किसी योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इस लेख में बताए गए तरीकों और दावों को केवल सुझाव माना जाना चाहिए; डीएनपी इंडिया हिंदी न तो इनकी पुष्टि करता है और न ही खंडन करता है। ऐसे किसी भी सुझाव/उपचार/दवा/आहार का पालन करने से पहले हमेशा डॉक्टर से सलाह लें।
