Health Tips: जब शरीर बीमारियों से घिर रहा होता है तो कुछ लक्षण दिखने लगते हैं। ये लक्षण कई बार नाखूनों में भी दिखते हैं। इसकी जानकारी देश की जानी-मानी एम्स की डॉक्टर प्रियंका सेहरात दे रही है। उनका कहना है कि, हमारे नाखूनों का रंग, आकार और बनावट सीधे तौर पर हमारे आंतरिक स्वास्थ्य से जुड़े होते हैं। कई अध्ययनों के अनुसार, नाखूनों में अचानक आने वाले बदलाव शरीर में पनप रही किसी गंभीर बीमारी या पोषक तत्वों की कमी का शुरुआती लक्षण हो सकते हैं। इसीलिए इस तरह के लक्षणों को इग्नोर नहीं करना चाहिए।
Health Tips: नाखूनों का पीला पड़ना
डॉक्टर प्रियंका सेहरावत का कहना है कि, नाखूनों का पीला और मोटा होना फंगल इन्फेक्शन का लक्षण हो सकता है। ऐसा फेफड़ों की बीमारी, सोरायसिस और डायबिटिज में होता है।
ब्लड में ऑक्सीजन की कमी
इसी तरह नाखून तब पीले पड़ते हैं जब ब्लड में ऑक्सीजन की कमी होती है। अस्थमा, सीओपीडी या फेफड़ों के गंभीर संक्रमण का बेहद खतरनाक संकेत हो सकता है। ऐसा होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना है।
स्पून नेल्स क्यों होते हैं?
अगर नाखूनों का आकार बदल रहा है और ये स्पून नेल्स बनते जा रहे हैं तो ये आयरन की कमी को बताता है। इसके साथ ही थायराइड में भी ऐसा दिखता है।
नाखूनों पर काली लाइन्स का दिखना
कई बार नाखूनों पर काली और भूरी लाइने दिखने लगती हैं। ऐसा स्किन कैंसर के कारण हो सकता है। इस लक्षण को सबंगुअल मेलानोमा से जोड़कर देखा जाता है।
लीवर की समस्या में क्या दिखता है?
इसके साथ ही लीवर की समस्या में भी नाखूनों पर लक्षण दिखने लगते हैं। इसमें नाखून का ऊपरी हिस्सा सफेद और नीचे का आधा हिस्सा भूरा, लाल या गुलाबी दिखता है। यह सीधे तौर पर किडनी की बीमारी हो सकती है।
नाखून अचानक से क्यों चटकते हैं?
अगर आपके नाखून आचानक से चटकने लगे हैं या फिर टूटने लगे हैं तो, ये कैल्शियम, जिंक या विटामिन बी12 की कमी के कारण हो सकता है।
नाखूनों पर दिखते लक्षणों का क्या करें?
नाखूनों पर लगातार दिखनवे इन लक्षणों क बिल्कुल भी इ्ग्नोर नहीं करना चाहिए। जल्द से जल्द किसी स्किन डॉक्टर को दिखाना चाहिए। जरा सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है।
Disclaimer: यह लेख और इसमें दी गई चिकित्सीय परामर्श केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से किसी योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इस लेख में बताए गए तरीकों और दावों को केवल सुझाव माना जाना चाहिए; डीएनपी इंडिया हिंदी न तो इनकी पुष्टि करता है और न ही खंडन करता है। ऐसे किसी भी सुझाव/उपचार/दवा/आहार का पालन करने से पहले हमेशा डॉक्टर से सलाह लें।







