क्यों सुबह-सुबह आते हैं ज्यादातर Heart Attack, रिस्क से बचने के लिए लिए नजरअंदाज ना करें ये मिस्टेक

Heart Attack: क्यों सुबह उठने के साथ ही आपके लिए दिल की बीमारी का खतरा सबसे ज्यादा बताया गया है। आइए जानते हैं इसके लिए एक्सपर्ट में क्या वजह बताया हैं और क्या करने की सलाह दी है।

Heart Attack

Photo Credit- Google Heart Attack

Heart Attack: बीमारियों से बचने के लिए अक्सर लोग दवाई लेते तो वह आपने सुना होगा और इसकी वजह से कई शारीरिक परेशानियां होती हैं। हालांकि क्या आपको पता है कि हार्ट अटैक का भी एक समय होता है जब इसका खतरा ज्यादा देखा जाता है। सुबह सुबह यह आने का रिस्क ज्यादा बताया गया है क्योंकि इसके पीछे कई लक्षण होते हैं। आइए जानते हैं आखिर वह कौन सी वजह बनती है जिसके लिए आपको सावधान रहना जरूरी बताया गया है और सुबह उठने के साथ किन चीजों से परहेज करके आप रिस्क को कम कर सकते हैं।

ब्लड प्रेशर है हार्ट अटैक में पहला बड़ा रिस्क

एक्सपर्ट की माने तो सुबह ब्लड प्रेशर अचानक बढ़ जाता है जिसकी वजह से हार्ट अटैक का खतरा होता है क्योंकि इसकी वजह से दिल पर दबाव पड़ता है।

क्यों खून हो जाता है गाढ़ा

सुबह जब हम उठते हैं तब रात भर पानी न पीने की वजह से आपका खून गाढ़ा हो जाता है। ऐसे में दिल का दौरा पड़ने का रिस्क ज्यादा होता है।

कॉर्टिसोल एड्रेनालिन होते हैं ज्यादा एक्टिव

सुबह उठने के साथ हमारा स्ट्रेस हार्मोन ज्यादा एक्टिव होते हैं जिसकी वजह से दिल पर दबाव पड़ता है और रिस्क के घेरे में आप सुबह-सुबह सोते हैं।

क्यों तेजी से उठना नहीं है विकल्प

एक्सपर्ट का मानना है कि तेजी से उठना और तुरंत काम शुरू करने देना भी आपके दिल के लिए रिस्की है क्योंकि इसकी वजह से आपके दिल पर जोर पड़ता है और आप घबराहट में रहते हैं।

बीपी और हार्ट की दवाई को लेकर ना करें गलती

कई लोग सुबह ब्लड प्रेशर और हार्ट की दवाई देर से लेते हैं जबकि आपको सुबह-सुबह लेने की सलाह दी जाती है। यही वजह है कि यह समय आपके लिए काफी सेंसिटिव होता है।

Heart Attack में क्या करने से बचें आप

इसके साथ ही सुबह अगर हार्ट अटैक से बचना है तो धीरे उठने की सलाह दी जाती है। उठते ही आप जहां तक हो सके पानी पिए और समय से अपने दवाई का सेवन करें जिससे खतरा काफी हद तक कम हो सकता है।

Disclaimer: यह लेख और इसमें दी गई चिकित्सीय परामर्श केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से किसी योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इस लेख में बताए गए तरीकों और दावों को केवल सुझाव माना जाना चाहिए; डीएनपी इंडिया हिंदी न तो इनकी पुष्टि करता है और न ही खंडन करता है। ऐसे किसी भी सुझाव/उपचार/दवा/आहार का पालन करने से पहले हमेशा डॉक्टर से सलाह लें।

 

 

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