Viral Video : कभी-कभी कैमरे में कुछ ऐसी घटनाएं कैद हो जाती हैं। जिन पर यकीन कर पाना बेहद मुश्किल हो जाता है। एक ऐसा ही वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें चलती हुई ट्रेन की टॉयलेट से आग की चिंगारियां निकल रही हैं। ये इतनी ज्यादा है कि, लोगों ने खौफ में आकर वीडियो बना लिया। इस वीडियो को जिसने भी देखा उसके मन में सिर्फ एक सवाल उठ रहा है कि, आखिर अगर इस टॉयलेट सीट पर कोई बैठा हुआ होता तो उसका क्या होता?
Viral Video: ट्रेन की टॉयलेट ने उगली आग
ट्रेन की टॉयलेट से निकलती आग की चिंगारियों का ये वायरल वीडियो Pushpraj sharma नाम के एक्स हैंडल से अपलोड किया गया है। इसके साथ ही कैप्शन में लिखा है, ‘चलती ट्रेन के बाथरूम से ब्रेक लगाने पर निकल रही चिंगारी…..सोचो इस समय इस पर कोई बैठा होता तो क्या….?’ वीडियो कुछ सेकंड का है लेकिन काफी डराने वाला है।
देखें वीडियो
चलती ट्रेन के बाथरूम से ब्रेक लगाने पर निकल रही चिंगारी…..
सोचो इस समय इस पर कोई बैठा होता तो क्या….😂 pic.twitter.com/YA4z0OP4Bc
— Pushpraj sharma (@ThePushprajX) May 14, 2026
ट्रेन की पटरियों से निकल रही आग की चिंगारियां सीधे टॉयलेट सीट के अंदर से बाहर निकल रही है। ये चिंगारियां इतनी तेज और ज्यादा हैं कि, इस टॉयलेट सीट का कोई इस्तेमाल नहीं कर सकता है। इस स्थिति में इस शौचालय का इस्तेमाल करना ही अपने आप में बहुत मुश्किल है। ये घटना कब और कहां की है? इसकी कोई भी आधिकारिक जानकारी तो मौजूद नहीं है। लेकिन इसे सोशल मीडिया के एक्स हैंडल पर 14 मई 2026 को अपलोड किया गया था। इस वीडियो पर 2 लाख 50 हजार से ज्यादा व्यूज आ चुके हैं।
ट्रेन की टॉयलेट सीट से निकलती आग की चिंगारियों का क्या कारण हो सकता है?
ट्रेने के शौचालय से निकलती आग की चिंगारियों ने लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि, ऐसा कैसे हो सकता है? आपको बता दें, इसके पीछे साइंस काम करती है। जब ट्रेन में ब्रेक लगते हैं तो पटरियों के बीच घर्षण बहुत तेज होता है। जिसके कारण चिंगारियां निकलना शुरु हो जाती है। क्योंकि टॉयलेट का रास्ता खुला रहता है इसीलिए कुछ ट्रेनों में ये साफ देखी जा सकती हैं। कभी-कभी वायरिंग शॉर्ट सर्किट के कारण भी ऐसा हो सकता है। अगर टॉयलेट की सीट सूखी है और कागज जैसी कोई चीज इसके आस-पास है तो आग लगने की संभावनाएं बढ़ सकती हैं।
डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पर मौजूद वीडियो /पोस्ट पर आधारित है। डीएनपी इंडिया हिन्दी/लेखक किसी भी प्रकार के दावे और सत्यता की पुष्टि नहीं करता है।
