Jharkhand News: श्रावणी मेला के बीच हेमंत सोरेन सरकार का बड़ा फैसला, व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं के लिए जारी किया क्यूआर कोड

Jharkhand News: झारखंड सरकार ने श्रावणी मेले के दौरान श्रद्धालुओं को बड़ी राहत देते क्यूआर कोड जारी किया है, ताकि शिकायत दर्ज करा सकें।

Jharkhand News

फाइल फोटो

Jharkhand News: झारखंड में आयोजित होने वाले विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला के दौरान श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से हेमंत सोरेन सरकार ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मेला क्षेत्र में व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, सुगम और जवाबदेह बनाने के लिए सरकार ने क्यूआर कोड आधारित शिकायत एवं फीडबैक प्रणाली शुरू की है।

इसके माध्यम से श्रद्धालु किसी भी प्रकार की समस्या की जानकारी सीधे प्रशासन तक पहुंचा सकेंगे। बता दें कि 30 जुलाई से सावन का पावन महीना शुरू हो चुका है और अभी तक लाख श्रद्धालु बाबा बैद्यनाथ के दर्शन और जल अर्पित कर चुके है।

झारखंड सरकार ने जारी किया क्यूआर कोड

आईपीआरडी झारखंड ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जानकारी देत हुए लिखा कि “राजकीय श्रावणी मेला 2026 में मेला क्षेत्र में कहीं भी कोई असुविधा, गंदगी, पानी, शौचालय, स्वास्थ्य शिविर, होल्डिंग प्वाइंट या अन्य व्यवस्था से जुड़ी समस्या दिखे तो QR Code स्कैन कर फोटो सहित शिकायत दर्ज करें”।

हेमंत सोरेन सरकार का लक्ष्य श्रावणी मेला को अधिक सुरक्षित, सुव्यवस्थित और तकनीक-सक्षम बनाना है। क्यूआर कोड आधारित शिकायत प्रणाली से न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही भी मजबूत होगी। हालांकि सरकार की तरफ से सभी प्रकार की जरूरी सुविधाएं प्रदान गी जा रही है।

क्यूआर कोड स्कैन कर दर्ज करा सकेंगे शिकायत

सरकार की ओर से जारी इस नई व्यवस्था के तहत मेला क्षेत्र के विभिन्न प्रमुख स्थानों पर क्यूआर कोड लगाए गए हैं। श्रद्धालु अपने मोबाइल फोन से इन क्यूआर कोड को स्कैन कर सफाई, पेयजल, शौचालय, चिकित्सा सुविधा, भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा, यातायात या अन्य व्यवस्थाओं से जुड़ी शिकायतें और सुझाव ऑनलाइन दर्ज करा सकेंगे। बता दें कि हर साल लाखों की संख्या में सावन के महीने में सुल्तानगंज से गंगा जल लेकर पैदल बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचते है और भोले बाबा पर जल अर्पित करते है।

 

Exit mobile version