CM Mohan Yadav: मध्य प्रदेश में आज 1 अप्रैल से नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत हो गई है। इस दौरान सरकारी स्कूलों में बच्चों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। आज ही सरकार ने प्रवेशोत्सव कार्यक्रम की शुरुआत भी की है जो 4 अप्रैल तक चलेगी। सीएम मोहन यादव की इस पहल का उद्देश्य सरकारी स्कूलों में ज्यादा से ज्यादा बच्चों का दाखिला कराना है।
मध्य प्रदेश सरकार समाज के अंतिम तबके तक शासन की पहल का लाभ पहुंचाना चाहती है। इसी क्रम में ‘स्कूल चलें अभियान’ को गति देते हुए सरकारी स्कूलों में प्रवेशोत्सव कार्यक्रम किया जा रहा है। इसका असर भी देखने को मिल चुका है। बीते दो वर्षों में सीएम मोहन यादव की पहल से शासकीय विद्यालयों के नामांकन में 32.4 फीसदी वृद्धि दर्ज की गई है।
‘स्कूल चलें हम’ अभियान के तहत CM Mohan Yadav ने नामांकन पर दिया जोर
राजधानी भोपाल से आज स्कूल चलें अभियान को गति दी गई है। इसके तहत सीएम मोहन यादव ने प्रवेशोत्सव कार्यक्रम की शुरुआत की है।
शासकीय विद्यालयों के नामांकन में 32.4 प्रतिशत की वृद्धि!
बीते दो वर्षों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुविधाओं के परिणामस्वरूप अभिभावकों का सरकारी विद्यालयों पर पहले से ज्यादा भरोसा बढ़ा है।
आज भोपाल से राज्य स्तरीय ‘प्रवेशोत्सव कार्यक्रम-2026’ का शुभारंभ किया। बच्चों को… pic.twitter.com/4kUvonh9MP
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) April 1, 2026
मुख्यमंत्री ने इस दौरान सरकारी स्कूलों में दाखिले पर जोर दिया है। उन्होंने अभिवावकों को आश्वस्त किया है कि मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जा रही है। ऐसे में वे ड्रॉपआउट के बजाय अपने बच्चों का नामांकन सरकारी स्कूलों में कराएं। सीएम मोहन यादव ने बताया है कि बीते दो वर्षों में शासकीय विद्यालयों के नामांकन में 32.4 फीसदी की वृद्धि देखी गई है। इसका जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने फिर नामांकन पर जोर दिया है।
बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास!
सीएम मोहन यादव की सरकार राज्य में बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास कर रही है। इसी कड़ी में सरकारी स्कूलों में दाखिले पर जोर दिया जा रहा है। शासकीय स्कूलों में दाखिला लेने वाले बच्चों को निःशुल्क किताबें, यूनिफॉर्म और साइकिलें प्रदान की जा रही हैं।
ये कदम सूबे में साक्षरता दर को बढ़ाने और बच्चों को शिक्षा का अधिकार सुनिश्चित कराने की दिशा में उठाया जा रहा है। इसका सकारात्मक असर भी दिख रहा है और ग्रामीण क्षेत्रों में 6 से 14 वर्ष के आयु वर्ग में स्कूल नामांकन दर 97 फीसदी तक पहुंच गई है। ये दर्शाता है कि कैसे सीएम मोहन यादव की मुहिम सफल हो रही है।






