---Advertisement---

Punjab News: पंजाब के खिलाड़ियों ने दुनिया भर में तिरंगे का मान बढ़ाया, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान द्वारा पुरस्कार और इनामी राशि से खिलाड़ियों का सम्मान

Punjab News:पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज पंजाब के इतिहास में बड़े खेल आयोजन के दौरान महाराजा रणजीत सिंह पुरस्कार विजेता 87 खिलाड़ियों और 1,070 पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को 32.05 करोड़ रुपये की इनामी राशि से सम्मानित किया।

Avatar of ROZY ALI

By: ROZY ALI

Published: मई 24, 2026 7:41 अपराह्न

Punjab News
Follow Us
---Advertisement---

Punjab News:पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज पंजाब के इतिहास में बड़े खेल आयोजन के दौरान महाराजा रणजीत सिंह पुरस्कार विजेता 87 खिलाड़ियों और 1,070 पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को 32.05 करोड़ रुपये की इनामी राशि से सम्मानित किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने गांवों से लेकर अंतरराष्ट्रीय खेल मैदानों तक प्रांत में खेलों के लिए व्यापक घोषणाएँ कीं। पंजाब को उभरती खेल शक्ति बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार ने न केवल ओलंपिक और एशियाई खेलों के पदक विजेताओं को 1-1 करोड़ रुपये से सम्मानित किया बल्कि 9 खिलाड़ियों को नौकरियां भी प्रदान की हैं। पहली बार टूर्नामेंट की तैयारी के लिए 220 खिलाड़ियों को 8.61 करोड़ रुपये की सीधे बैंक खातों के माध्यम से वित्तीय सहायता दी गई।

ऐतिहासिक खेल बजट और जमीनी स्तर पर खेल प्रतिभा को निखारने के लिए 1,300 करोड़ रुपये की लागत से 3,148 ग्रामीण खेल मैदान विकसित करने की घोषणा की

आज यहां सेक्टर-35 में म्यूनिसिपल भवन में आयोजित समारोह के दौरान खेलों के क्षेत्र में निर्णायक बदलाव का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने वर्ष 2026-27 के लिए 1,763 करोड़ रुपये के ऐतिहासिक खेल बजट और जमीनी स्तर पर खेल प्रतिभा को निखारने के लिए 1,300 करोड़ रुपये की लागत से 3,148 ग्रामीण खेल मैदान विकसित करने की घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि पंजाब पहली बार एशियाई चैंपियनशिप ट्रॉफी की मेजबानी करेगा और एक नवंबर को पंजाब दिवस पर भारत-पाकिस्तान के बीच रोमांचक मुकाबला होगा। पिछली सरकारों पर तंज कसते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब, देश के लिए असंख्य चैंपियन पैदा करने के बावजूद पहले कभी भी राज्य को किसी बड़े खेल आयोजन की मेजबानी करने का मौका नहीं दिया गया था। उन्होंने कहा कि खेल संघों पर वास्तविक खिलाड़ियों के बजाय राजनीतिक रूप से जुड़े व्यक्तियों का दबदबा रहा।

शानदार सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि यह दिन पंजाब के लिए ऐतिहासिक पल है क्योंकि 87 खिलाड़ियों को प्रतिष्ठित महाराजा रणजीत सिंह पुरस्कार से सम्मानित किया गया, जबकि विभिन्न खेलों के 1,070 पदक विजेता खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया गया। उन्होंने कहा, “पंजाब के इतिहास में पहली बार सरकार ने खिलाड़ियों में 32.05 करोड़ रुपये की इनामी राशि वितरित की है। पंजाब सरकार ने न केवल ओलंपिक और एशियाई खेलों के पदक विजेताओं को 1-1 करोड़ रुपये से सम्मानित किया है, बल्कि 9 पदक विजेता खिलाड़ियों को नौकरियां भी प्रदान की हैं।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “पंजाब के खिलाड़ियों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी उपलब्धियों के माध्यम से देश और राज्य का बहुत मान बढ़ाया है। यह हमारी जिम्मेदारी है कि हम उनके साथ मजबूती से खड़े हों और यह सुनिश्चित करें कि उन्हें वह सम्मान, मान्यता और सहयोग मिले जिसके वे हकदार हैं।”

पंजाब सरकार के खेलों के प्रति दृष्टिकोण का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पहली बार पंजाब के 220 खिलाड़ियों को खेल प्रतियोगिताओं की तैयारी के लिए 8.61 करोड़ रुपये दिए गए। उन्होंने आगे कहा, “पंजाब सरकार ने राज्य भर में खेलों के बुनियादी ढांचे और एथलीटों के विकास के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 1,763 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड खेल बजट आवंटित किया है। गांवों में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को निखारने के लिए 1,300 करोड़ रुपये की लागत से 3,148 ग्रामीण खेल मैदान विकसित किए जा रहे हैं। ये मैदान गांवों के उभरते खिलाड़ियों के लिए प्रकाश स्तंभ बनेंगे।”

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब पहली बार एशियाई चैंपियनशिप ट्रॉफी की मेजबानी करेगा, जिसे राज्य की खेल विरासत के लिए गौरवपूर्ण क्षण बताया। उन्होंने आगे घोषणा की कि इस टूर्नामेंट के दौरान बहुप्रतीक्षित भारत-पाकिस्तान मैच पंजाब दिवस पर करवाया जाएगा। उन्होंने कहा, “पंजाब ने देश को असंख्य पदक और चैंपियन दिए हैं, फिर भी पिछली सरकारों ने कभी यह सुनिश्चित नहीं किया कि राज्य को बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों की मेजबानी करने का मौका मिले। हमने उस मानसिकता को बदल दिया है और पंजाब को भारत के खेल मानचित्र के केंद्र में लाया है।”

पंजाब सरकार ने उस प्रवृत्ति को समाप्त कर दिया है

पुरानी व्यवस्था पर तंज कसते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब में खेल संघों पर पहले राजनीतिक रूप से जुड़े व्यक्तियों का दबदबा था, लेकिन पंजाब सरकार ने उस प्रवृत्ति को समाप्त कर दिया है और मेरिट के आधार पर आम खिलाड़ियों के लिए दरवाजे खोल दिए हैं।पंजाब को खेलों की महाशक्ति में बदलने के लिए बड़ी पहल करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब सरकार ने शीर्ष राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को महाराजा रणजीत सिंह पुरस्कार प्रदान करके और बड़े पैमाने पर नकद पुरस्कार वितरित करके वर्ष 2019 से 2023 तक के बकाया सम्मानों के दशकों लंबे बैकलॉग को सफलतापूर्वक समाप्त कर दिया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार ने खिलाड़ियों को जीत के बाद ही पुरस्कार देने की पुरानी प्रथा को भी बदल दिया है। उन्होंने कहा कि अब एथलीटों को टूर्नामेंटों से पहले वित्तीय रूप से सहायता दी जा रही है ताकि उन्हें उच्च स्तर पर तैयारी करने और प्रतिस्पर्धा करने में मदद मिल सके। उन्होंने कहा, “हमारे खिलाड़ियों की सहायता के लिए पंजाब सरकार ने प्रशिक्षण और उच्च स्तरीय खेल उपकरणों की खरीद के लिए नए लॉन्च किए गए खेल पोर्टल के माध्यम से 15 करोड़ रुपये से अधिक राशि सीधे बैंक खातों में ट्रांसफर की है। इस पोर्टल में फेंसिंग (तलवारबाजी), कायाकिंग, शूटिंग (निशानेबाजी) और आर्चरी (तीरंदाजी) जैसे खेलों के लिए विशेष अनुदान भी शामिल हैं और यह खिलाड़ियों को कॉर्पोरेट प्रायोजकों से जोड़ने में मदद करेगा।”

शीर्ष सम्मानित खिलाड़ियों में भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर, हरलीन देवल और अमनजोत कौर को विश्व कप जीतने के लिए डेढ़-डेढ़ करोड़ रुपये से सम्मानित किया गया। निशानेबाजी में विश्व चैंपियनशिप के पदक विजेता अमनप्रीत सिंह को 1.54 करोड़ रुपये और नीरज कुमार को 1.52 करोड़ रुपये की राशि से सम्मानित किया गया, जबकि किरनदीप कौर और कृतिका शर्मा ने 50-50 लाख रुपये प्राप्त किए।

उभरते निशानेबाज विजेवीर सिद्धू को 28.50 लाख रुपये से सम्मानित किया गया, वुशू खिलाड़ी कुशल कुमार ने 25 लाख रुपये प्राप्त किए, जबकि पैरा-पॉवरलिफ्टिंग विश्व चैंपियन परमजीत कुमार को उनकी शानदार अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियों के लिए 55 लाख रुपये दिए गए।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि खेलों में लगातार शानदार उपलब्धियाँ हासिल करने वाले खिलाड़ियों के सम्मान में कई वर्षों के महाराजा रणजीत सिंह पुरस्कार वितरित किए गए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2018-19 के पुरस्कार विजेताओं में हॉकी खिलाड़ी रमनदीप सिंह, जूडो खिलाड़ी किरनजीत सिंह, कबड्डी खिलाड़ी हरविंदर कौर, रोइंग खिलाड़ी जसप्रीत सिंह, निशानेबाज अंगद वीर सिंह बाजवा, वेटलिफ्टर प्रदीप सिंह, पहलवान हरप्रीत सिंह और तैराक चाहत अरोड़ा शामिल थे।

उन्होंने आगे कहा कि वर्ष 2020 में तीरंदाजी में संगमप्रीत सिंह बिस्ला, एथलेटिक्स में ट्विंकल चौधरी, बेसबॉल में वीरपाल, बास्केटबॉल में अमृतपाल सिंह, कायाकिंग और कैनोइंग में अवतार सिंह, साइक्लिंग में अमरजीत सिंह, फेंसिंग में इना अरोड़ा और हैंडबॉल में हरजिंदर सिंह को सम्मानित किया गया।

इस सम्मानित समूह में भारतीय पुरुष हॉकी टीम के कप्तान हरमनप्रीत सिंह के साथ ओलंपिक पदक विजेता गुरजंट सिंह और रुपिंदर पाल सिंह शामिल हैं

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आगे कहा कि 2021 के तीरंदाजी चैंपियन सुखबीर सिंह, एथलीट किरपाल सिंह, बेसबॉल खिलाड़ी अमनजीत कौर बैंस, कायाकिंग खिलाड़ी प्रियंका देवी, साइकिल सवार नमन कपिल, फेंसर उदयवीर सिंह और हैंडबॉल खिलाड़ी मनदीप कौर को सम्मानित किया गया।मुख्यमंत्री ने कहा कि अर्जुन पुरस्कार विजेताओं और ओलंपिक हॉकी सितारों को विशेष श्रेणी समर्पित की गई है, जिनमें से अधिकांश पंजाब में उच्च सरकारी पदों पर सेवा दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस सम्मानित समूह में भारतीय पुरुष हॉकी टीम के कप्तान हरमनप्रीत सिंह के साथ ओलंपिक पदक विजेता गुरजंट सिंह और रुपिंदर पाल सिंह शामिल हैं, जो दोनों पीसीएस अधिकारी के रूप में सेवा दे रहे हैं।मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने ओलंपिक हॉकी सितारों मनदीप सिंह, हारदिक सिंह, वरुण कुमार, शमशेर सिंह, गोलकीपर कृष्ण बहादुर पाठक और दिलप्रीत सिंह को भी सम्मानित किया, जो पंजाब पुलिस में डीएसपी के रूप में सेवा दे रहे हैं।

इस समारोह में ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली पंजाब की पहली महिला मुक्केबाज सिमरनजीत कौर बाठ को भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया। इसके साथ ही अपनी शारीरिक चुनौतियों के बावजूद देश को विश्व स्तर पर पहचान दिलाने के लिए पंजाब के पैरा-एथलीटों को भी सम्मानित किया गया।

इस समारोह के दौरान सम्मानित किए गए प्रमुख पैरा-एथलीटों में एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक विजेता मोहम्मद यासर, तैराक वैभव राजोरिया, पहलवान सुरेंदर कंबोज, पैरा-बैडमिंटन खिलाड़ी पलक कोहली और पैरा-पॉवरलिफ्टर परमजीत कुमार शामिल थे।

समारोह के दौरान उन खिलाड़ियों की माताओं और परिवार के सदस्यों को भी सम्मान लेने के लिए मंच पर बुलाया गया, जो अपने प्रशिक्षण आदि के कारण समारोह में शामिल नहीं हो सके। इनमें एशियाई खेलों के पदक विजेता हरमिलन बैंस के माता-पिता और अर्जुन पुरस्कार विजेता माधुरी सक्सेना भी शामिल थे।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने खिलाड़ियों के परिवारों का धन्यवाद करते हुए कहा कि “माता-पिता द्वारा किए गए बलिदान खेलों में हर सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उनका समर्पण, अनुशासन और अटूट समर्थन चैंपियन पैदा करता है।”

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि पंजाब सरकार ने खेल बजट को 17 गुना बढ़ा दिया है और वर्ष 2019 से 2023 तक 87 नामचीन खिलाड़ियों को महाराजा रणजीत सिंह पुरस्कार प्रदान किए गए हैं।

महाराजा रणजीत सिंह पुरस्कार के बारे में बात करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “आज पंजाब और खेल जगत के लिए एक ऐतिहासिक दिन है क्योंकि उन खिलाड़ियों को सम्मानित किया जा रहा है जिन्होंने अपने माता-पिता, पंजाब और देश का नाम दुनिया भर में रोशन किया है। प्रत्येक पुरस्कार विजेता को ब्लेज़र, स्क्रॉल (मान-पत्र) और घोड़े पर सवार महाराजा रणजीत सिंह के यादगार चिन्ह और 5 लाख रुपये की राशि से सम्मानित किया गया।” मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि इस प्रतिष्ठित पुरस्कार के लिए 87 पुरस्कार विजेताओं को 4.35 करोड़ रुपये वितरित किए गए हैं।

भारतीय खेलों में पंजाब के बहुमूल्य योगदान को याद करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य ने भारतीय हॉकी टीम के कप्तान हरमनप्रीत सिंह, भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम के कप्तान शुभमन गिल, भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर और भारतीय बास्केटबॉल टीम के कप्तान पलप्रीत सिंह बराड़ सहित देश को कई कप्तान दिए हैं।

उन्होंने आगे कहा कि गुरप्रीत सिंह संधू ने पिछले साल भारतीय फुटबॉल टीम की कप्तानी की थी और पंजाबी क्रिकेटर गुरनूर बराड़ को हाल ही में भारतीय क्रिकेट टीम के लिए चुना गया था।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब सरकार ने पेरिस ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता हॉकी खिलाड़ियों को 1-1 करोड़ रुपये से सम्मानित किया है, जबकि एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक विजेताओं को भी 1-1 करोड़ रुपये की इनामी राशि दी गई है।उन्होंने आगे कहा कि 9 ओलंपिक पदक विजेता खिलाड़ियों को पीसीएस और डीएसपी अधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया है, जबकि 2022 से पंजाब सरकार ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों और पैरा-एथलीटों में 106.20 करोड़ रुपये की इनामी राशि वितरित की है।मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2023 से खेल तैयारी के उद्देश्यों के लिए 220 अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को 8.61 करोड़ रुपये प्रदान किए गए हैं, जबकि खेल संस्थानों को खेल उपकरणों की खरीद के लिए डीबीटी के माध्यम से 15 करोड़ रुपये दिए गए हैं।मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आगे बताया कि पंजाब भर के 6,000 गांवों में 17,000 खेल किट वितरित की जा रही हैं और जिम स्थापित किए जा रहे हैं।

50 से अधिक पंजाबी हॉकी खिलाड़ियों ने ओलंपिक पदक जीते हैं

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ स्पोर्ट्स में खिलाड़ियों के लिए आहार भत्ता 248 रुपये से बढ़ाकर 480 रुपये प्रतिदिन कर दिया गया है, जबकि जिला सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में भत्ता 225 रुपये से बढ़ाकर 350 रुपये प्रतिदिन कर दिया गया है।पंजाब की बेमिसाल हॉकी विरासत को उजागर करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि 50 से अधिक पंजाबी हॉकी खिलाड़ियों ने ओलंपिक पदक जीते हैं, जबकि 10 पंजाबी खिलाड़ियों ने विभिन्न ओलंपिक खेलों में भारतीय हॉकी टीम की कप्तानी की है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “संसारपुर, खुसरोपुर और मिठापुर जैसे गांवों ने 20 से अधिक ओलंपियन पैदा करके विश्व हॉकी में पंजाब का नाम रोशन किया है।”

मुख्यमंत्री ने याद दिलाया कि भारत ने 41 साल के अंतराल के बाद टोक्यो ओलंपिक 2021 में हॉकी में कांस्य पदक जीता था, जिसमें मनप्रीत सिंह के नेतृत्व वाली टीम में 9 पंजाबी खिलाड़ी थे। उन्होंने आगे कहा कि भारत ने पेरिस ओलंपिक 2024 में फिर कांस्य पदक जीता, जिसकी टीम में 10 पंजाबी खिलाड़ी थे, जिसकी कप्तानी हरमनप्रीत सिंह ने की, जो टूर्नामेंट के सबसे अधिक स्कोरर के रूप में भी उभरे।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आगे घोषणा की कि पंजाब सरकार ने खिलाड़ियों को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए एक नया “आउटस्टैंडिंग स्पोर्ट्सपर्सन” कैडर बनाया है। उन्होंने कहा कि विभिन्न खेल विषयों में 500 सीटें सृजित की गई हैं, जबकि 45 जूनियर कोच और तीन कोच पहले ही नियमित रूप से भर्ती किए जा चुके हैं।

उन्होंने आगे कहा कि पंजाब, देश का पहला राज्य बन गया है जिसने खेल विज्ञान के लिए अलग स्पोर्ट्स मेडिसिन कैडर स्थापित किया है। विभिन्न श्रेणियों में 112 सीटों के लिए भर्ती पहले ही पूरी हो चुकी है, जबकि 206 फिजिकल ट्रेनर सीटों के लिए भर्ती जारी है।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने यह भी कहा कि जमीनी स्तर पर कौशल खोज कार्यक्रम के तहत पंजाब भर में युवा प्रतिभा को निखारने के लिए 253 नर्सरी कोचों और 26 खेल सुपरवाइजरों के साथ 253 खेल नर्सरियां स्थापित की गई हैं।

भगवंत मान सरकार जीत के बाद ही खिलाड़ियों को सम्मानित करने के मॉडल से हटकर खिलाड़ियों को खेलों के लिए तैयार करने पर ध्यान केंद्रित कर रही है।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब सरकार ने जीत के बाद ही खिलाड़ियों को सम्मानित करने के पुराने मॉडल से हटकर अलग दृष्टिकोण अपनाया है, जिसके तहत बड़े टूर्नामेंटों से पहले ही एथलीटों को वित्तीय सहायता दी जा रही है। खिलाड़ियों को प्रतियोगिताओं की तैयारी करने और उच्च स्तरीय उपकरण लेने में मदद करने के लिए नए शुरू किए गए खेल पोर्टल के माध्यम से 15 करोड़ रुपये से अधिक राशि पहले ही सीधे वितरित की जा चुकी है। पोर्टल में शूटिंग, तलवारबाजी, कायाकिंग और तीरंदाजी जैसे खेलों के लिए अनुकूलित अनुदान शामिल हैं, जबकि एथलीटों को दीर्घकालिक सहायता के लिए कॉर्पोरेट प्रायोजकों से जुड़ने में भी मदद की जा रही है।

भगवंत मान सरकार गांवों से अंतरराष्ट्रीय मंचों तक बना रही है विश्व स्तरीय खेल बुनियादी ढांचा

2026-27 के लिए 1,763 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड खेल बजट आवंटित किया गया है। गांवों में खेल प्रतिभा को निखारने के लिए 1,300 करोड़ रुपये की लागत से 3,148 ग्रामीण खेल मैदान विकसित किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने आगे घोषणा की कि 6,000 गांवों में जिम स्थापित किए जा रहे हैं, 17,000 खेल किट वितरित की जा रही हैं और पंजाब भर के खिलाड़ियों को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए एक नया “आउटस्टैंडिंग स्पोर्ट्सपर्सन” कैडर तैयार किया गया है।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने चंडीगढ़ के सेक्टर 42 में 43 करोड़ 66 लाख रुपये की लागत से बनने वाले युवा भवन का आभासी तौर पर शिलान्यास किया। युवक सेवाएं विभाग द्वारा बनाए जा रहे इस युवा भवन में 200 युवाओं के लिए छात्रावास, 400 सीटों वाला ऑडिटोरियम, कॉन्फ्रेंस हॉल, सेमिनार हॉल और मेस आदि सुविधाएं होंगी। इसी तरह मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों के लिए विशेष रूप से तैयार किए गए पंजाब स्पोर्ट्स पोर्टल की शुरुआत की। खिलाड़ियों द्वारा लंबे समय से ऐसे पोर्टल की मांग की जा रही थी। इस पोर्टल से देश-विदेश के किसी भी कोने से खिलाड़ी इस पोर्टल पर खिलाड़ियों के लिए जानकारी हासिल करने और अन्य सुविधाओं का लाभ उठा सकता है।

For Feedback - feedback@dnpnewsnetwork.com

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Related News

कल का मौसम 25 May 2026

मई 24, 2026

CM Bhagwant Mann

मई 24, 2026

CM Bhagwant Mann

मई 24, 2026

CM Bhagwant Mann

मई 24, 2026

Punjab News

मई 23, 2026

Anurag Dhanda

मई 23, 2026