Sonia Gandhi: कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी की बहुप्रतीक्षित आत्मकथा, “बिलॉन्गिंग: अ जर्नी ऑफ लव” को लेकर चल रहे विवाद के बीच, पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया की ओर से जानकारी है कि वह अब भारत में किताब प्रकाशित नहीं करेगा। पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया के पास पहले भारत में किताब छापने की जिम्मेदारी थी, लेकिन अब स्थिति बदल गई है। सूत्रों की मानें तो ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया की तरफ से सोनिया गांधी की आत्मकथा की पांडुलिपि के एक हिस्से में कुछ संपादकीय बदलाव और कटौती करने को कहा गया था। हालांकि, इसकी लेखिका ने ऐसा करने से इनकार कर दिया। जिसके बाद खबरें अब यह है कि ये किताब बाहर छप रही है।
Sonia Gandhi: “बिलॉन्गिंग: अ जर्नी ऑफ लव” को लेकर अपडेट
दरअसल, “बिलॉन्गिंग: अ जर्नी ऑफ लव” सोनिया गांधी के इटली से भारत आने के सफर, राजीव गांधी से उनकी शादी और नेहरू-गांधी परिवार के साथ उनकी ज़िंदगी के बारे में है। हाल ही में, खबर आई कि यह किताब जल्द ही भारत में पेंगुइन इंडिया प्रकाशित करेगा। हालांकि, ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया कुछ संपादकीय बदलावों के साथ बायोग्राफी प्रकाशित करना चाहता था। जब लेखिका ने मना कर दिया, तो प्रकाशक ने इसे प्रकाशित करने से पीछे हटने का ऐलान कर दिया।
पेंगुइन ने प्रकाशित करने से किया इनकार
रिपोर्ट के अनुसार, प्रकाशक मानते हैं कि वे किताब प्रकाशित करने के लिए उत्सुक थे। उन्होंने आगे कहा कि लेखकों का फैक्ट चेक करना और सुझाव देना उनकी जिम्मेदारी है, जिससे सोनिया गांधी के साथ बायोग्राफी किताब पर हुई बातचीत का इशारा साफतौर पर दिखता है। बयान में कहा गया, “एक पब्लिशर के तौर पर, यह हमारा अधिकार और नैतिक जिम्मेदारी दोनों है कि हम सभी फैक्ट चेक करें और लेखकों को ऐसे सुझाव दें जो उनकी किताबों के सबसे अच्छे हित में हों। यह किताब पब्लिश करने की प्रकिया का एक साधारण हिस्सा है।”
अब इस पब्लिशर के साथ समझौते की चर्चा
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो पेंगुइन इंडिया के हटते ही कई भारतीय प्रकाशक सोनिया गांधी की बायोग्राफी, “बिलॉन्गिंग: अ जर्नी ऑफ लव” को प्रकाशित करने की दौड़ में शामिल हो गए हैं। इनमें सबसे आगे हार्पर कॉलिन्स इंडिया प्रकाशन का नाम तेजी से चल रहा है। संभावनाएं है कि यह पब्लिशर इस किताब को भारत में वितरण को लेकर समझौता करने के सबसे करीब है।







