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Heart Attack और कैंसर के लिए काल है जला हुआ तेल, दोबारा इस्तेमाल से पहले जानें डॉक्टर ने क्या दी चेतावनी

Heart Attack

Photo Credit- Google Heart Attack

Heart Attack: तेल की बढ़ती महंगाई को देखते हुए गृहणी कई बार फ्राई किए गए तेल को फेंकने में हिचकिचाती है और उसका बार-बार इस्तेमाल करती है। क्या आपको पता है कि डॉक्टर इसे आपकी हेल्थ के लिए रेड सिग्नल मानते हैं। एम्स ट्रेंड डॉक्टर प्रियंका सेहरावत ने एक वीडियो को शेयर करते हुए लोगों को आगाह करती हुई दिखी। इस दौरान उन्होंने बताया कि यह या न सिर्फ कैंसर बल्कि एक और ऐसी बीमारी की वजह बन सकती है जिसके लिए शायद आप तैयार ना हो। आइए जानते हैं तेल को बार-बार गर्म करने को लेकर डॉक्टर ने क्या कहा है।

कैसे बार बार गर्म किया हुआ तेल है आपके स्वास्थ्य के लिए रिस्की

डॉ प्रियंका सेहरावत इस वीडियो में कहती है कि बार-बार तेल को गर्म करना कैंसर का सबसे बड़ा रिस्क फैक्टर है। हाल ही में जयपुर में मैकडॉनल्ड के रिसर्च में पता चला कि उनका जो इस्तेमाल कर रहे हैं वह कितनी बार करने के बाद काला हो गया। अगर बार-बार गर्म करते हैं तो इसमें कार्सिनिक कंपाउंड, टोटल पोलर कंपाउंड्स, ट्रांस फैट, पॉलीएरोमेटिक हाइड्रोकार्बन और टॉक्सिक मेटाबॉलिट्स मैटेरियल्स कंपाउंड्स जैसे टॉक्सिक निकलते हैं जो न सिर्फ कैंसर बल्कि कार्डवैस्कुलर हेल्थ के लिए भी रिस्की हो सकता है।

Heart Attack और कैंसर से बचाव के लिए जानें क्या करें

ऐसे में डॉक्टर प्रियंका ने यह बता दिया कि कैंसर का रिस्क कई गुना बढ़ जाता है जो कई स्टडी में साबित हो जाता है। इसकी वजह से आपके हार्ट अटैक का रिस्क भी कई गुना बढ़ जाता है। आपके कोलेस्ट्रॉल बढ़ने का रिस्क भी कई दफा बढ़ जाता है। ऐसे में बार-बार अगर आप तेल को फेक नहीं सकते और इसका इस्तेमाल करना चाहते हैं तो आप उस तेल को एक से दो दिन के लिए तड़के में इस्तेमाल कर सकते हैं। इसका इस्तेमाल एक बार फिर से डीप फ्राय करने के लिए ना करें।

निश्चित तौर पर कैंसर और हार्ट अटैक जैसे रिस्क से अगर आप बचना चाहते हैं तो घर में डीप फ्राई करने के लिए इस्तेमाल से तेल को फेंक देने में ही आपकी भलाई है।

Disclaimer: यह लेख और इसमें दी गई चिकित्सीय परामर्श केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से किसी योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इस लेख में बताए गए तरीकों और दावों को केवल सुझाव माना जाना चाहिए; डीएनपी इंडिया हिंदी न तो इनकी पुष्टि करता है और न ही खंडन करता है। ऐसे किसी भी सुझाव/उपचार/दवा/आहार का पालन करने से पहले हमेशा डॉक्टर से सलाह लें।

 

 

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