Anurag Dhanda: एसआईआर को लेकर एक बार फिर सियासत शुरू हो गई है। बता दें कि आप के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी ने इसे लेकर बीजेपी पर कटाक्ष किया है। Anurag Dhanda ने कहा कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया चुनाव आयोग के अधिकार क्षेत्र में आती है और इसकी जिम्मेदारी किसी राज्य सरकार की नहीं होती।
अपने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ढांडा ने इस मामले पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया दी है और बीजेपी सरकार पर तंज कसा है। चलिए आपको बताते है इससे जुड़ी सभी अहम जानकारी।
एसआईआर को लेकर आप नेता Anurag Dhanda का गंभीर आरोप
अपने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान Anurag Dhanda ने कहा कि “आप सभी ने SIR के बारे में बहुत चर्चा सुनी होगी। लेकिन आपने यह भी सुना होगा कि SIR में BJP किस तरह खुलेआम मनमानी कर रही है। किसी का भी नाम जोड़ देना, किसी का भी नाम हटा देना। इसमें कोई प्रक्रिया नहीं है, न ही ज़रूरी नियमों का पालन करने की ज़रूरत है और न ही किसी तय तरीके को अपनाने की।
VIDEO | Delhi: During a press conference, AAP national media in-charge Anurag Dhanda (@anuragdhanda) says, “You all have heard a lot of discussion about SIR. But you must have also heard about how openly BJP’s bullying is taking place in SIR, add anyone’s name, remove anyone’s… pic.twitter.com/OfYr8u45wo
— Press Trust of India (@PTI_News) September 8, 2026
आप सभी को याद होगा कि 3 तारीख की सुबह राघव चड्ढा ने एक लंबा ट्वीट किया था। उन्होंने एक लंबी पोस्ट लिखी और पंजाब सरकार पर आरोप लगाया कि सरकार ने पंजाब से उनका वोट हटवा दिया है। जबकि सरकार का इससे कोई लेना-देना नहीं है। यह चुनाव आयोग की प्रक्रिया है, जैसा कि खुद BJP भी कहती है।”
ड्रग्स तस्करों पर क्या बोले आप नेता?
मीडिया से बात करते हुए Anurag Dhanda ने कहा कि “हज़ारों ड्रग तस्करों को गिरफ़्तार करके जेल भेजा गया है और वे अपनी सज़ा काटेंगे। अगर कोई और भी ड्रग तस्करी में शामिल पाया जाता है, तो हम उन्हें नहीं बख्शेंगे, जैसा कि पिछली सरकारों के समय होता था। पहले अकाली दल-बीजेपी की सरकार थी, और वह उसी पार्टी की सरकार थी।
Delhi: AAP leader Anurag Dhanda says, “Thousands of drug traffickers have been arrested and sent to jail, and they will serve their sentences. If anyone else is found involved in drug trafficking, we will not spare them, unlike the previous governments. There used to be an Akali… pic.twitter.com/BKGeb7hpaL
— IANS (@ians_india) September 8, 2026
उन्होंने क्या किया? जब भी किसी ड्रग माफ़िया सदस्य का नाम सामने आता, वे उनसे डील कर लेते और उन्हें खुलेआम ड्रग्स बेचने देते। उनसे पूछिए कि उस समय ड्रग तस्करी के लिए कितने लोगों को जेल भेजा गया था। उनके मंत्रियों की गाड़ियों में ड्रग्स की ढुलाई के रिकॉर्ड मौजूद हैं।”







