Galgotias University: कथित रूप से प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान में खुद को स्थापित कर चुकी गलगोटिया यूनिवर्सिटी की एक करतूत भारत को वैश्विक मंच पर शर्मसार कर रही है। लोकसभा में विपक्ष के नेता ने भी मौके पर चौका जड़ इसका जिक्र किया है। गलगोटिया यूनिवर्सिटी द्वारा नई दिल्ली में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में चीनी रोबोडॉग प्रस्तुत करना केन्द्र सरकार के लिए भी सिरदर्द बन गया है।
गलगोटिया यूनिवर्सिटी की ब्लंडर से सरकार बैकफुट पर है और विपक्ष जमकर निशाना साध रहा है। राहुल गांधी ने भी इसी क्रम में भारत सरकार द्वारा भारत मंडपम में आयोजित AI समिट को एक अव्यवस्थित पीआर करार दिया है। इससे इतर भी तमाम अन्य लोग गलगोटिया विश्वविद्यालय की करतूत के कारण सरकार को निशाने पर ले रहे हैं।
शिक्षण संस्थान Galgotias University के ब्लंडर से विपक्ष के निशाने पर सरकार!
नई दिल्ली में एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने ऐसा ब्लंडर किया कि मोदी सरकार विपक्ष के निशाने पर आ गई। राहुल गांधी ने भी मौके का लाभ उठाते हुए सरकार को कटघरे में खड़ा कर दिया। गलगोटिया यूनिवर्सिटी के ब्लंडर का जिक्र करते हुए राहुल गांधी ने इसे एक अव्यवस्थित पीआर करार दिया।
Instead of leveraging India’s talent and data, the AI summit is a disorganised PR spectacle – Indian data up for sale, Chinese products showcased. https://t.co/5liaoX0XXp
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) February 18, 2026
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि “भारत की प्रतिभा और डेटा का लाभ उठाने के बजाय, AI शिखर सम्मेलन एक अव्यवस्थित PR तमाशा है। भारतीय डेटा बिक्री के लिए है, चीनी उत्पाद प्रदर्शित किए जा रहे हैं।” ये करारा तंज मोदी सरकार पर है जिसके द्वारा आयोजित कार्यक्रम में गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने चीनी रोबोडॉग प्रदर्शित कर चौतरफा फजीहत कराई है। पोल खुलने के बाद गलगोटिया परिवार इसे विश्वविद्यालय के खिलाफ नकारात्मक कैंपेन बता पल्ला झाड़ रहा है।
विश्वविद्यालय की चूक ने बढ़ाई सरकार की सिरदर्द!
मोदी सरकार की सिरदर्द गलगोटिया यूनिवर्सिटी की एक चूक ने बढ़ा दी है। यूं तो भारत मंडपम में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में देशभर के कॉलेज और संस्थान शामिल हुए थे। हालांकि, उनमें गलगोटिया यूनिवर्सिटी द्वारा ही अतरंगी करतूत कर चीनी रोबोडॉग को प्रस्तुत किया गया। भद्द पिटने पर विश्वविद्यालय परिवार ने इसे शिक्षण संस्थान के खिलाफ अभियान बताया।
हालांकि, सबको ज्ञात है कि गलगोटिया यूनिवर्सिटी परिवार अब ब्लंडर कर डैमेज कंट्रोल में जुटा है। विश्वविद्यालय का ये ब्लंडर सरकार के लिए भी सिरदर्द बन गया है। भारत में विपक्ष इस आयोजन को लेकर हमलावर है। वहीं चीन में भी गलगोटिया यूनिवर्सिटी के कृत्य के कारण भारत की आलोचना हो रही है। विश्वविद्यालय ने स्वदेशी मंच पर चीनी रोबोडॉग प्रस्तुत कर देश को शर्मसार किया है जिसकी खूब आलोचना हो रही है।






