असम में सियासी जमीन मजबूत करने की कवायद! चुनावी राज्य से Rahul Gandhi का सीएम हिमंता पर करारा प्रहार, क्या सफल होगी कांग्रेस?

कांग्रेस असम में अपनी खोई सियासी जमीन हासिल करने को बेताब है। इसी क्रम में Rahul Gandhi ने आज असम की धरती से हुंकार भरते हुए सीएम हिमंता बिस्वा सरमा को सीधे निशाने पर लिया है।

Rahul Gandhi

Picture Credit: सोशल मीडिया (सांकेतिक तस्वीर)

Rahul Gandhi: चुनावी राज्य असम में अपनी खोई सियासी जमीन हासिल करने को कांग्रेस खूब बेताब नजर आ रही है। इसी क्रम में राहुल गांधी असम के ताबड़तोड़ दौरे कर रहे हैं। आज फिर उन्होंने जोरहाट से निकट बोकाजान विधानसभा क्षेत्र में आयोजित रैली में हिस्सा लेते हुए सीएम हिमंता बिस्वा सरमा पर करारा प्रहार बोला है।

राहुल गांधी ने सीएम हिमंता को भारत का सबसे भ्रष्ट मुख्यमंत्री बताते हुए लोगों से कांग्रेस को समर्थन देने की अपील की है। इस दौरान उन्होंने बीजेपी सरकार पर कई गंभीर आरोप भी लगाए हैं। सवाल है कि क्या असम में अपनी सियासी जमीन हासिल करने को बेताब कांग्रेस सफल होगी? आइए इस सवाल का जवाब ढूंढ़ते हैं।

चुनावी राज्य असम से Rahul Gandhi का सीएम हिमंता पर करारा प्रहार

नेता प्रतिपक्ष ने आज चुनावी राज्य असम से सीएम हिमंता बिस्वा सरमा पर जोरदार प्रहार किया है।

इस दौरान राहुल गांधी ने असम सीएम को देश का सबसे भ्रष्ट मुख्यमंत्री बताया है। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि हिमंता बिस्वा सरमा ने असम को लैंड एटीएम बना दिया है। यहां गरीबों से जमीन छिनकर कॉर्पोरेट जगत को सौंपी जा रही है। आंकड़े साझा करते हुए राहुल गांधी ने तीन बड़े कॉरपोरेट घरानों को 98400 बीघा जमीन सौंपने की बात कही है।

असम को दिल्ली से चलाने का आरोप लगाते हुए राहुल गांधी ने पीएम मोदी और अमित शाह पर भी प्रहार बोला है। उन्होंने साफ तौर पर लोगों से अपील की है कि असम में कांग्रेस की सरकार बनाएं ताकि भ्रष्टाचारियों पर कार्रवाई की जा सके। राहुल गांधी का तल्ख प्रहार असम में कांग्रेस की खोई सियासी जमीन हासिल करने के प्रयास को बखूबी दर्शाता है।

क्या असम में सफल होगी कांग्रेस?

इस सवाल का पुख्ता जवाब भविष्य के गर्भ है। गुवाहाटी से लेकर जोरहाट, सिलचल, डिब्रूगढ़ समेत असम के सभी इलाकों में चुनावी सरगर्मियां तेज हैं। यहां बीजेपी और कांग्रेस आमने-सामने है। एक ओर वर्ष 2026 से असम की सत्ता में काबिज बीजेपी है जो हैट्रिक जमाने को बेताब है। वहीं दूसरी ओर कांग्रेस है जो 2001-2016 तक लगातार असम की सत्ता में रहने के बाद विपक्ष की भूमिका निभा रही है।

कांग्रेस अब अपनी खोई सियासी जमीन हासिल करना चाहती है। इसी क्रम में गौरव गोगोई को असम कांग्रेस की कमान सौंपते हुए राहुल गांधी मुख्यमंत्री हिमंता पर निशाना साध रहे हैं। सूबे की सभी 126 सीटों पर बीजेपी-कांग्रेस के प्रत्याशी आमने-सामने हैं। पूरी दम-खम के साथ बीजेपी-कांग्रेस असम विधानसभा चुनाव 2026 लड़ रही है। 4 मई को नतीजों की ऐलान के साथ स्पष्ट होगा कि असम की सत्ता में कौन काबिज होगा।

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