Iran Protests: ईरान और अमेरिका के बीच कुछ भी ठीक नहीं है। दोनों देशों के मध्य हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। ऐसे में ईरान ने बड़ा कदम उठाया है। ‘Hindustan Times’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान ने 800 प्रदर्शनकारियों की फांसी रोक दी है। बताया जा रहा है खाड़ी देशों के दबाव के चलते ईरान ने यह कदम उठाया है। वहीं, यह भी दावा किया गया है कि अमेरिकी प्रेशर की वजह से ईरान ने यह निर्णय लिया है। उधर, यूएस प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर बड़ा बयान दिया है। अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर स्थिति खराब होने की वजह से संयुक्त राष्ट्र की सुरक्षा परिषद ने भी आपात बैठक बुलाई है।
Iran Protests के बीच यूएस प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने दिया बड़ा बयान
रिपोर्ट में आगे बताया गया है कि नॉर्वे स्थित स्वतंत्र संगठन ईरान ह्यूमन राइट्स के अनुसार, ईरान में प्रदर्शनों पर हुई जानलेवा कार्रवाई में अब तक कम से कम 3400 लोग मारे गए हैं।
वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, “हमें बताया गया है कि ईरान में हत्याएं बंद हो रही हैं, यह बंद हो गई हैं, यह बंद हो रही हैं, और फांसी या फांसी की कोई योजना नहीं है। तो मुझे यह विश्वसनीय सूत्रों से बताया गया है, हम इसके बारे में पता लगाएंगे। मध्य पूर्वी देश में नरसंहार को रोकने के लिए सभी विकल्प खुले हैं।” उधर, संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत माइक वॉल्ट्ज ने कहा, “अगर हिंसा को रोकने के लिए जरूरत पड़ी तो राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप कार्रवाई करने के लिए तैयार हैं।”
ईरान विरोध प्रदर्शन के बीच यूएनएससी ने बुलाई आपात बैठक
पिछले कई दिनों से ईरान में हो रहे प्रदर्शनों पर चर्चा करने के लिए यूएनएससी यानी संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने आपात बैठक बुलाई है। इस दौरान अमेरिकी प्रतिनिधि माइक वॉल्ट्ज ने कहा, “ईरान में चल रहे इंटरनेट ब्लैकआउट की वजह से वहां अधिकारियों द्वारा की गई कार्रवाई की असली हद का पता लगाना मुश्किल हो गया है।”
वहीं, यूएन की असिस्टेंट सेक्रेटरी जनरल मार्था पोबी ने काउंसिल को ब्रीफ करते हुए कहा, ईरान में लोकप्रिय विरोध प्रदर्शन लगभग तीन हफ्ते पहले शुरू होने के बाद से तेजी से देशव्यापी उथल-पुथल में बदल गए हैं, जिससे जान-माल का काफी नुकसान हुआ है।” मालूम हो कि 28 दिसंबर 2025 से ईरान में विरोध प्रदर्शन शुरू हुए।






