S Jaishankar: अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो अपने तीन दिवसीय दौरे पर भारत आ रहे हैं। यह इस दौरान भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर से मुलाकात करने वाले हैं। साल का यह दूसरा दौरा लोगों के बीच चर्चा में है क्योंकि जहां दोनों देशों के बीच फिलहाल रिश्ता उस कदर खास नहीं है लेकिन रिपोर्ट में बताया जा रहा है कि बिजनेस ऊर्जा रक्षा और नई तकनीक को लेकर बातचीत होगी। इसके अलावा पश्चिम एशिया संकट के मुद्दे पर भी चर्चा होने वाली है। दोनों देशों के बीच मुलाकात इसलिए भी खास है क्योंकि फिलहाल रिश्ते में उतार चढ़ाव देखा जा रहा है।
S Jaishankar के साथ अमेरिकी राष्ट्रपति की मुलाकात क्यों है खास
मार्को रूबियो दोपहर 2:15 बजे मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज एयरपोर्ट पहुंचेंगे। एस जयशंकर के साथ मुलाकात के अलावा 26/11 के मुंबई आतंकी हमले में जान गंवाने वाले लोगों को याद करने ‘ताज मेमोरियल’ में जाकर श्रद्धांजलि अर्पित करने वाले हैं। जहां 160 लोगों में से 6 अमेरिकी नागरिक भी शामिल थे। इस मुलाकात में बिजनेस रक्षा और तकनीक के साथ-साथ निवेश पर ध्यान दिया जाएगा। दोनों देश के बीच बातचीत हो सकती है। दोनों नेता ‘भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी’ को और मजबूत करने के उपायों पर चर्चा कर सकते हैं।
भारत और अमेरिका के रिश्ते में क्या होगा बदलाव
अमेरिका और भारत के बीच बिजनेस समझौता पूरा होने की उम्मीद रखने वाले विदेश मंत्री का एस जयशंकर से मुलाकात पर लोगों की नजरे रहने वाली है। बीते दिन अमेरिका की तरफ से रूस से तेल खरीदने पर टेरिफ में छूट का असर भारत के लिए हितकारी बताया गया था। अमेरिका के द्वारा उठाए गए इस कदम और अब विदेश मंत्री का इस तरह साल में दूसरी बार भारत आना आखिर क्या कूटनीति के तहत किया जा रहा है। निश्चित तौर पर दो देशों के विदेश मंत्री की एक साथ मुलाकात दोनों देशों की आर्थिक और राजनीतिक स्थिति पर बदलाव ला सकता है। ऐसे में होने वाली मीटिंग पर नजरे बनी रहेगी।







