US-India Trade Deal: भारतीय औरअमेरिका के बीच लंबे समय से ट्रेड डील को लेकर बातचीत जारी है। हालांकि कई बैठकों के बाद भी अभी तक दोनों देशों की इसपर सहमति नहीं बन सकती है। वही अब दोनों देशों ने द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) को अंतिम रूप देने की दिशा में बातचीत जारी है।
माना जा रहा है कि आने वाले कुछ दिनों में इस डील को लेकर गुड न्यूज मिल सकती है। गौरतलब है कि ये डील दोनों देशों के लिए कई मायनों में एक गेमचेंजर साबित हो सकता है। जुलाई में एक वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी ने संकेत दिया था कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौता अगले 3 से 4 महीनों में साइन हो सकता है।
US-India Trade Deal पर जल्द मिल सकती है गुड न्यूज
न्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबिक वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने आज कहा कि “भारत, अमेरिका के साथ अपने द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) की अंतिम जानकारी तभी घोषित करेगा जब वाशिंगटन भारत के प्रतिस्पर्धियों की तुलना में भारत को तरजीही टैरिफ शर्तें देने पर सहमत हो जाएगा।
India will announce the final details of its Bilateral Trade Agreement (BTA) with the United States only after Washington agrees to offer preferential tariff terms over India’s competitors, Commerce and Industry Minister Piyush Goyal said today
“As soon as the US is able to give… pic.twitter.com/fcpYKWEj8s
— ANI (@ANI) September 3, 2026
FTAs आउटरीच प्रोग्राम के लाभ उठाने पर आयोजित एक राष्ट्रीय कार्यशाला को संबोधित करते हुए मंत्री पीयूष गोयल ने कहा, “जैसे ही अमेरिका हमें हमारे प्रतिस्पर्धियों की तुलना में तरजीही दर देने में सक्षम होगा, हम BTA को अंतिम रूप देंगे और इसकी अंतिम जानकारी की घोषणा करेंगे।”
इन सेक्टरों में हो सकता है फायदा
जानकारी के मुताबिक अगर ये ट्रेड डील संपन्न होती है तो कई सेक्टरों में फायदा मिल सकता है। जिसमे – टेक्सटाइल और गारमेंट,
लेदर और फुटवियर, फार्मास्युटिकल्स, केमिकल्स इंजीनियरिंग और मशीनरी, प्लास्टिक और रबर, जेम्स एंड ज्वेलरी समेत कई सेक्टर मे फायदा हो चुका है। गौरतलब है कि अमेरिकी बाजार में भारतीय कपड़ा, चमड़ा, फार्मा, इंजीनियरिंग और अन्य उत्पादों की बड़ी मांग है। यदि भारतीय सामान पर प्रतिस्पर्धी देशों के मुकाबले अधिक शुल्क लगता है, तो अमेरिकी खरीदार दूसरे देशों से सामान खरीद सकते हैं।







