---Advertisement---

US Iran Tension: शीत युद्ध की याद दिला रहा अमेरिका-ईरान का हालिया टकराव! ओमान वार्ता के बाद नए प्रतिबंधों से चढ़ा पारा, अब आगे क्या?

US Iran Tension: अमेरिका और ईरान मस्कट में हुई वार्ता के बाद एक बार फिर आमने-सामने हैं। प्रेसिडेंट ट्रंप ने हाल ही में ईरान से व्यापार करने वाले देशों पर टैरिफ का ऐलान कर नए सिरे से हलचल मचा दी है।

Avatar of Gaurav Dixit

By: Gaurav Dixit

Published: फ़रवरी 7, 2026 12:25 अपराह्न

US Iran Tension
Follow Us
---Advertisement---

US Iran Tension: मिडिल ईस्ट में खलबली का दौर जारी है। अमेरिका लगातार ईरान की एक-एक पहलुओं पर नजर जमाए हुए है। अमेरिका और ईरान के बीच ये हालिया घटनाक्रम शीत युद्ध की याद दिला रहा है। एक ओर बीते कल ओमान में वार्ता संपन्न हुई है और आज अमेरिका ने नया फरमान जारी करते हुए ईरान से व्यापार करने वाले देशों पर टैरिफ लगाने का निर्णय लिया है।

अमेरिका ने इसके साथ ही ईरान के गुप्त तेल बेड़े पर प्रतिबंध लगाने के निर्देश भी दिए हैं। जैसे दूसरे विश्व युद्ध के बाद अमेरिका और सोवियंत संघ के बीच हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिलता था अब कमोबेश वही स्थिति अमेरिका-ईरान की है। इस पूरे घटनाक्रम में आगे क्या होगा इस पर सबकी नजरें टिकीं हैं।

ओमान वार्ता के बाद प्रतिबंधों के दौर से चढ़ा पारा, अब आगे क्या?

राजधानी मस्कट में संपन्न हुई वार्ता के बाद अमेरिका ने ईरान पर फिर तगड़ा प्रतिबंध लगाया है। प्रेसिडेंट ट्रंप ने ऐलान किया है कि ईरानी मूल के कच्चे तेल, पेट्रोलियम उत्पादों और पेट्रोकेमिकल उत्पादों के व्यापार में शामिल 15 संस्थाओं और उनसे जुड़े दो व्यक्तियों पर प्रतिबंध लगे हैं। इससे ईरान की आर्थिक हालात पर चोट पहुंचने के आसार हैं।

दुनिया में अली खामेनेई के नेटवर्क को प्रभावित करने के लिए ट्रंप ने उन सभी देशों पर टैरिफ लगाने की घोषणा की है जिनके व्यापार ईरान के साथ संचालित हैं। ये सब कुछ ऐसे दौर में हो रहा है जब हाल ही में अमेरिका-ईरान ने अप्रत्यक्ष वार्ता की है। आसार जताए जा रहे हैं कि दोनों देशों के बीच तनाव का दौर अभी और बढ़ सकता है। आगे और कुछ बड़े ऐलान संभव हैं जो वैश्विक परिदृश्य को प्रभावित कर सकते हैं।

शीत युद्ध की याद दिला रहा अमेरिका-ईरान का हालिया टकराव!

दूसरे विश्व युद्ध के बाद की बात है जब अमेरिका और सोवियत संघ आमने-सामने थे। प्रत्यक्ष रूप से दोनों देशों की सेना न कभी जंग के मैदान में आई और नाही जनहानि हुई। हालांकि, दोनों देशों के बीच वैचारिक, राजनीतिक और आर्थिक प्रतिद्वंद्विता के दौर ने दुनिया को झकझोर कर रख दिया था। अमेरिका और सोवियत संघ इस कदर एक-दूजे के विरोध में उतर गए थे कि दुनिया में खलबली मची थी।

हालिया स्थिति भी उसी शीत युद्ध की याद ताजा करती है। अब तक के घटनाक्रम में ईरानी या अमेरिकी सेना जंग के मैदान में नहीं उतरी है। हालांकि, दोनों देशों की सेना अलर्ट पर है। अमेरिका अपने प्रतिद्वंदी ईरान को कमजोर करने के लिए उनसे जुड़े देशों को निशाना बना रहा है। ईरान भी अमेरिका को करारा जवाब देने की कोई कसर नहीं छोड़ रहा। यही घटनाक्रम शीत युद्ध की याद दिलाती है। अब देखना दिलचस्प होगा कि वर्चस्व और प्रभुत्व की ये लड़ाई कहां जाकर थमती है।

Avatar of Gaurav Dixit

Gaurav Dixit

गौरव दीक्षित पत्रकारिता जगत के उभरते हुए चेहरा हैं। उन्होनें चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय से अपनी पत्रकारिता की डिग्री प्राप्त की है। गौरव राजनीति, ऑटो और टेक संबंघी विषयों पर लिखने में रुची रखते हैं। गौरव पिछले दो वर्षों के दौरान कई प्रतिष्ठीत संस्थानों में कार्य कर चुके हैं और वर्तमान में DNP के साथ कार्यरत हैं।
For Feedback - feedback@dnpnewsnetwork.com

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Related News

T20 World Cup 2026

फ़रवरी 7, 2026

Bhagwant Mann

फ़रवरी 7, 2026

Ram Mandir

फ़रवरी 7, 2026

CM Bhagwant Mann

फ़रवरी 7, 2026

Ola-Uber Strike

फ़रवरी 7, 2026

T20 World Cup 2026

फ़रवरी 7, 2026