Viral Video: सोशल मीडिया पर एक हॉस्पिटल का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें दावा किया जा रहा है कि, युवक की टांग टूटने के बाद डॉक्टर्स ने कागज का कार्टून बांध दिया। युवक की अब ये हालत इंटरनेट पर आग की तरह फैल रही है। ये मामला बिहार के बेगुसरहाय का बताया जा रहा है। इस वीडियो को देखने के बाद इंटरनेट पर बिहार की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल उठने लगे हैं। ये घटना मंझौल अनुमंडलीय अस्पताल की बताई जा रही है।
बिहार में सरकारी अस्पताल में मरीज के साथ हुआ खेला
अस्पताल की करतूत के वायरल वीडियो को Mukesh singh नाम के एक्स हैंडल से अपलोड किया गया है। इसके साथ ही कैप्शन में जानकारी देते हुए लिखा है कि, ‘बेगूसराय के मंझौल अस्पताल से बेहद शर्मनाक तस्वीर सामने आई है।
देखें वीडियो
बेगूसराय के मंझौल अस्पताल से बेहद शर्मनाक तस्वीर सामने आई है। सड़क दुर्घटना में घायल एक युवक के पैर में प्लास्टर करने के बजाय डॉक्टरों ने कार्टून बांधकर उसे रेफर कर दिया।
यह सिर्फ लापरवाही नहीं, बल्कि मरीज की जान और स्वास्थ्य के साथ गंभीर खिलवाड़ है।@Nishantjdu @Nishantjdu81 pic.twitter.com/dsTrAJN8Tc
— Mukesh singh (@Mukesh_Journo) August 5, 2026
सड़क दुर्घटना में घायल एक युवक के पैर में प्लास्टर करने के बजाय डॉक्टरों ने कार्टून बांधकर उसे रेफर कर दिया। यह सिर्फ लापरवाही नहीं, बल्कि मरीज की जान और स्वास्थ्य के साथ गंभीर खिलवाड़ है।’ वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि, युवक का टांग टूटी हुई है और कागज के डिब्बे को सहारा बनाकर इसे बांधा गया है।
Viral Video की हो रही जांच
प्रभात खबर में छपि खबर के अनुसार , ये मामला नावकोठी प्रखंड के महेशवाड़ा वार्ड नंबर 4 की है। पीड़ित का नाम कृष्ण कुमार है। उसकी उम्र 20 साल बताई जा रही है। युवक एक हादसे का शिकार हो गया था। जिसके कारण उसकी टांग टूट गई। जब वो हॉस्पिटल पहुंचा तो प्लास्टर करने की जगह डॉक्टर्स ने इस पर कागज का डिब्बा लपेट दिया। पीड़ित के परिजनों ने आरोप लगया है कि, युवक के पैर को प्लास्टर की जररुत थी। लेकिन डॉक्टर्स ने ऐसा नहीं किया है। वहीं, इलाज करने की जगह बेगूसराय के सदर अस्पताल रेफर कर दिया। वहीं, मामला बढ़ने के बाद हॉस्पिटल ने सफाई देते हुए कहा कि, मरीज को इमरजेंसी इलाज दिया गया था। इसके साथ ही मामले की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल प्रशासन जांच करा रहा है।







