Global Passport Index 2026: दुनिया के सबसे शक्तिशाली पासपोर्ट की नई रैंकिंग जारी हो गई है। इस सूची में भारत के लिए अच्छी खबर नहीं है। Global Passport Index 2026 में भारत की रैंकिंग में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे अंतरराष्ट्रीय यात्रा के लिहाज से भारतीय पासपोर्ट की स्थिति पहले की तुलना में कमजोर हुई है। वहीं पड़ोसी देश पाकिस्तान और बांग्लादेश की रैंकिंग भी चर्चा का विषय बनी हुई है।
बता दें कि ये इंडेक्स दुनिया के देशों के पासपोर्ट की ताकत का आकलन करता है। यह इस आधार पर तय किया जाता है कि किसी देश के पासपोर्ट धारक कितने देशों में बिना वीजा, वीजा ऑन अराइवल या ई-वीजा के साथ यात्रा कर सकते हैं।
Global Passport Index 2026 में भारत के लिए बुरी खबर
बता दें कि Global Passport Index 2026 में भारत की रैंकिंग पिछले वर्ष की तुलना में नीचे खिसक गई है। इसका मतलब है कि भारतीय पासपोर्ट धारकों की वैश्विक यात्रा सुविधाओं में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है। हालांकि भारतीय नागरिक अब भी कई देशों में वीजा-ऑन-अराइवल और ई-वीजा की सुविधा का लाभ उठा सकते हैं, लेकिन शीर्ष देशों की तुलना में भारत अभी काफी पीछे है।
भारत इस बार 125वें स्थान पर है। विशेषज्ञों का मानना है कि किसी देश के पासपोर्ट की ताकत केवल यात्रा सुविधा ही नहीं, बल्कि उसकी कूटनीतिक पहुंच, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और वैश्विक विश्वास को भी दर्शाती है।
बांग्लादेश और पाकिस्तान की रैंकिंग
दक्षिण एशिया के देशों की बात करें तो भारत की स्थिति पाकिस्तान और बांग्लादेश की तुलना में बेहतर बनी हुई है। हालांकि भारत की रैंकिंग में गिरावट आई है, फिर भी भारतीय पासपोर्ट इन दोनों पड़ोसी देशों से अधिक मजबूत माना जाता है।
इसके अलावा कई देशों में भारत पासपोर्ट की वीजा फ्री एंट्री होती है। भारत दक्षिण एशिया के कई अन्य देशों से बेहतर स्थिति में है। बांग्लादेश 166वें, नेपाल 164वें और पाकिस्तान 188वें स्थान पर है, जो इस इंडेक्स में सबसे निचले पायदानों में से एक है।
पासपोर्ट रैंकिंग क्यों है महत्वपूर्ण?
पासपोर्ट रैंकिंग का सीधा संबंध किसी देश के नागरिकों की अंतरराष्ट्रीय गतिशीलता से होता है। मजबूत पासपोर्ट होने से व्यापार, शिक्षा, पर्यटन और निवेश के अवसर बढ़ते हैं। वहीं कमजोर पासपोर्ट वाले देशों के नागरिकों को विदेश यात्रा के लिए अधिक वीजा प्रतिबंधों का सामना करना पड़ता है।
क्या होता है Global Passport Index?
Global Passport Index दुनिया के देशों के पासपोर्ट की ताकत का आकलन करता है। यह इस आधार पर तय किया जाता है कि किसी देश के पासपोर्ट धारक कितने देशों में बिना वीजा, वीजा ऑन अराइवल या ई-वीजा के साथ यात्रा कर सकते हैं। जिस देश के नागरिकों को अधिक देशों में बिना वीजा प्रवेश की सुविधा मिलती है, उसका पासपोर्ट उतना ही मजबूत माना जाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि किसी देश के पासपोर्ट की ताकत केवल यात्रा सुविधा ही नहीं, बल्कि उसकी कूटनीतिक पहुंच, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और वैश्विक विश्वास को भी दर्शाती है।







