Anurag Dhanda: पंजाब में खेलों को बढ़ावा देने और युवाओं को नशे से दूर रखने के उद्देश्य से ‘खेड़ां वतन पंजाब दीयां-2026’ के चौथे संस्करण की शुरुआत हो गई है। मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में शुरू हुए इस खेल आयोजन को लेकर आम आदमी पार्टी के नेता अनुराग ढांडा ने भी खुशी जाहिर की है। उन्होंने खेलों को युवाओं को नशे से बाहर निकालने और सकारात्मक दिशा देने का महत्वपूर्ण माध्यम बताया। जानकारी के मुताबिक करीब 10 लाख खिलाड़ी इस खेल में हिस्सा लेंगे। अनुराग ढांडा ने कहा कि पंजाब के युवाओं को नशे से निकालकर लगातार खेलों से जोड़ना जरूरी है। उन्होंने खुद ट्वीट कर इसकी जानकारी दी है।
Anurag Dhanda ने ट्वीट कर जाहिर की है
आप नेता Anurag Dhanda ने अपने एक्स हैंडल पर लिखा कि “पंजाब के युवाओं को नशे से मुक्त कॉन्स्टेंटिव खेलों की चाहत ले जा रही है। देश का सबसे बड़ा खेल मेला शुरू हो गया है। पंजाब के 10 लाख युवा इस बार इन खेलों में भाग लेंगे। आप सरकार ने खेल बजट 350 करोड़ से बढ़ाकर 1700 करोड़ कर दिया है। अनुराग ढांडा ने कहा कि पंजाब के युवाओं को नशे से निकालकर लगातार खेलों से जोड़ना जरूरी है।
पंजाब के युवाओं को नशे से निकाल लगातार खेलों की तरफ़ ले जा रही है @BhagwantMann सरकार।
देश का सबसे बड़ा खेल मेला शुरू हो गया है। पंजाब के 10 लाख युवा इस बार इन खेलों का हिस्सा बनेंगे।
AAP सरकार ने खेल बजट 350 करोड़ से बढ़ाकर 1700 करोड़ कर दिया है।#PunjabVillageOlympics pic.twitter.com/nmfBYxkEdx
— Anurag Dhanda (@anuragdhanda) September 5, 2026
उनका कहना है कि खेल न केवल युवाओं को शारीरिक रूप से मजबूत बनाते हैं, बल्कि उनमें अनुशासन, टीम भावना और आत्मविश्वास भी पैदा करते हैं। ‘खेड़ां वतन पंजाब दीयां’ इसी सोच के साथ पंजाब में खेल संस्कृति को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है”।
चौथे संस्करण में 10 लाख से ज्यादा खिलाड़ियों का लक्ष्य
‘खेड़ां वतन पंजाब दीयां-2026’ का चौथा संस्करण 5 सितंबर से 29 नवंबर तक आयोजित किया जा रहा है। सरकार ने इस बार इसे पहले के मुकाबले और बड़े स्तर पर आयोजित करने का लक्ष्य रखा है। इस संस्करण में 10 लाख से अधिक प्रतिभागियों के शामिल होने की उम्मीद है।
सरकार का फोकस गांवों और छोटे शहरों से खेल प्रतिभाओं की पहचान करने और उन्हें आगे बढ़ने के अवसर देने पर भी है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इससे पहले कहा था कि राज्य में मौजूद प्रतिभाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए तैयार किया जाएगा।







