CM Yogi Adityanath: यूपी में डबल इंजन की सरकार प्रदेश के सभी वर्गों को साथ लेकर विकसित उत्तर प्रदेश के लक्ष्य की ओर बढ़ रही है। यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ राज्य की उन्नति के लिए कई कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतार रहे हैं। बीजेपी यानी भारतीय जनता पार्टी की सरकार लोगों की बुनियादी जरूरतों को पूरा करने पर फोकस कर रही है। इसी कड़ी में अब गर्मी का सीजन आ चुका है, तो ऐसे में यूपी सरकार ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। सीएम योगी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि गर्मी के मौसम में आग की संभावित घटनाओं को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएं।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने ‘एक तहसील-एक फायर टेंडर’ को किया अनिवार्य
दरअसल, बीते दिन बीजेपी के सीनियर लीडर और यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा, ‘प्रत्येक जनपद में कम से कम एक हाइड्रोलिक फायर टेंडर अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराया जाए। ‘एक तहसील-एक फायर टेंडर’ के लक्ष्य को प्राथमिकता एवं समयबद्धता के साथ पूर्ण किया जाए। गर्मी के मौसम में आग की संभावित घटनाओं की रोकथाम के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान संचालित किए जाएं।’
मालूम हो कि गर्मी बढ़ने के साथ ही यूपी में आग लगने की घटनाओं में इजाफा हो सकता है। ऐसे में यूपी सरकार ने सतर्कता दिखाते हुए पहले से ही एहतियात के तौर पर सभी आवश्यक कदमों को लेने का निर्देश जारी कर दिया है, जिससे किसी भी आपदा की स्थिति के दौरान प्रदेशवासियों को समय पर फायर सर्विस का लाभ मिल सके।
प्रत्येक जनपद में कम से कम एक हाइड्रोलिक फायर टेंडर अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराया जाए। ‘एक तहसील-एक फायर टेंडर’ के लक्ष्य को प्राथमिकता एवं समयबद्धता के साथ पूर्ण किया जाए।
गर्मी के मौसम में आग की संभावित घटनाओं की रोकथाम के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान संचालित किए जाएं।
— Government of UP (@UPGovt) April 3, 2026
सीएम योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को दिए अहम दिशा-निर्देश
वहीं, यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने पिछले दिन राज्य में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए संबंधित पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ अहम बैठक की। इस दौरान सीएम योगी ने कहा, ‘कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए आधुनिक तकनीक, पारदर्शी कार्यप्रणाली और सक्षम मानव संसाधन पर समान रूप से ध्यान देना होगा। हर स्तर पर जवाबदेही सुनिश्चित करते हुए परिणामोन्मुखी कार्यशैली अपनाई जाए, जिससे आमजन को सुरक्षा का मजबूत और भरोसेमंद वातावरण मिल सके।’
उन्होंने आगे कहा, ‘साइबर अपराधों के विरुद्ध कार्रवाई को और अधिक तकनीक आधारित, त्वरित और प्रभावी बनाया जाए। प्रदेशभर में व्यापक साइबर जागरूकता अभियान चलाने, सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को प्रोत्साहित करने तथा 1930 हेल्पलाइन को और अधिक सशक्त बनाकर शिकायतों के त्वरित निस्तारण की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।’






